जागरण संवाददाता, ज्ञानपुर(भदोही) : गंगा को निर्मल करने के लिए तटवर्ती गांवों में स्वच्छ शौचालयों के कराए जा रहे निर्माण के बाद अब बागवानी कराकर हरियाली लाई जाएगी। शासन ने इसके लिए पहल करते हुए नमामि गंगे योजना के तहत गंगा के तटवर्ती गांवों के औद्यानिक विकास के लिए 100 हेक्टेयर क्षेत्रफल में बागवानी कराने का लक्ष्य तय कर दिया है। गंगा किनारे स्थित जिले के औराई व डीघ ब्लाक के कुल 45 गांव के किसान इस योजना से लाभान्वित होंगे। सबसे अहम यह है कि उद्यान विभाग के अंतर्गत संचालित इस योजना में बागवानी करने वाले किसानों को प्रति हेक्टेयर की बागवानी पर आने वाली कुल लागत 2.16 लाख रुपये की 50 फीसद धनराशि यानी कुल 1.8 लाख रुपये अनुदान दिया जाएगा। अनुदान प्रतिमाह तीन हजार रुपये की दर से तीन वर्ष तक किसानों के खाते में दिया जाएगा। कौन-कौन से रोपे जाएंगे पौधे

- गंगा के तटवर्ती गांवों में योजना के तहत आम, अमरूद, बेल, बेर, आंवला व कागदी नींबू के कलमी पौधों का रोपण किया जाएगा। इसमें किसानों को कम से कम 0.2 हेक्टेयर यानी 16 बिस्वा व अधिकतम एक हेक्टेयर चार बीघा में बागवानी कराना होगा। प्रति हेक्टेयर भूमि पर आम के 100 पौधे व अन्य सभी के 280 पौधों का रोपण होगा। ये पौधे किसान उद्यान विभाग अथवा पंजीकृत किसी नर्सरी से क्रय कर विभाग को जानकारी उपलब्ध कराते हुए रोपण कराएंगे। सत्यापन के बाद उन्हें प्रति तीन माह पर नौ हजार रुपये की दर से अनुदान खाते में दिया जाएगा। क्या है इसका उद्देश्य

- गंगा तटवर्ती गांवों में हरियाली लाने के साथ परंपरागत धान-गेहूं की खेती कर रहे किसानों को औद्यानिक खेती कराकर उनकी आय बढ़ाने का प्रयास किया जा रहा है। शासन की मंशा है कि बागवानी करने के बाद किसान उस खेत में नीचे सब्जी, मसाले यानी हल्दी, धनिया व फूलों की भी खेती कर सकेंगे। इससे उन्हें दोहरा लाभ हासिल होगा। कौन से गांव होंगे लाभान्वित

- ब्लाक डीघ : बारीपुर उपरवार, बेरासपुर उपरवार, बेरवां पहाड़पुर, भभौरी, बिहरोजपुर, छेछुआं उपरवार, दीनापट्टी उपरवार, धनतुलसी, दुगुना, फुलवरिया, गोपालपुर, गुलौरी, हरिरामपुर, इब्राहिमपुर, इटहरा, कलिक मवैया, केदारपुर, खेमापुर, मवैयाथानसिंह, नगरदह, नारेपार, ओझापुर, पुरवां, सेमराध व तुलसीकला गांव के किसान लाभ पाएंगे। इसी तरह औराई ब्लाक के भवानीपुर उपरवार, चकनिरंजन, डेरवां, द्वारिकापुर, इटवा, जहंगीराबाद, कठारी, मूलापुर, रामपुर, सहसेपुर हरचारपट्टी, उमापुर, बर्जीकला, अमिलौर, अरई उपरवार एनवारपुर, बहपुरा, बनकट, बिट्ठलपुर के किसान लाभान्वित होंगे। - बागवानी के लिए गंगा के तटवर्ती गांव के किसानों से आवेदन मांगा गया है। इसके लिए किसानों को प्रेरित करने का काम भी शुरू कर दिया गया है। प्रथम आवक प्रथम पावक के आधार पर किसानों का चयन किया जाएगा।

--सुनील कुमार तिवारी, जिला उद्यान अधिकारी भदोही।

Edited By: Jagran