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भदोही में 1.65 करोड़ की लागत से होगा कान्हा गोशाला का निर्माण, शासन से मिली डीपीआर की स्वीकृति

Published: Fri, 02 Oct 2026 02:34 PM (IST)

भदोही के रैमलपुर में 1.65 करोड़ रुपये की लागत से कान्हा गोशाला के निर्माण को शासन से डीपीआर की स्वीकृति मिल गई है।

1.65 करोड़ की लागत से होगा कान्हा गोशाला का निर्माण।

1.65 करोड़ की लागत से होगा कान्हा गोशाला का निर्माण।

HighLights

  1. रैमलपुर में 1.65 करोड़ की लागत से स्थाई गोशाला बनेगा।

  2. शासन ने 300 गोवंश क्षमता वाले डीपीआर को स्वीकृति दी।

  3. नगरीय क्षेत्र में गोवंश संरक्षण की समस्या का होगा समाधान।

जागरण संवाददाता, भदोही। शासन की मंशा के अनुसार गोशालाओं में गोवंश के रखरखाव के लिए आवश्यक सुविधाओं का अभाव चिंता का विषय बना है। भले ही शासन स्तर से इसके लिए धन उपलब्ध कराया जा रहा है लेकिन अधिकतर गोशालाओं की हालत ठीक नहीं है। जितने गोवंशीय पशु गोशाला में हैं उससे कहीं अधिक सड़कों पर घूम रहे हैं।

जगह का अभाव होने के कारण इनकी धर पकड़ भी बंद कर दी गई है। वैकल्पिक व्यवस्था के तहत मथुरापुर वार्ड के रैमलपुर में अस्थाई गोशाला का संचालन किया जा रहा है। इसे सुविधा सम्पन्न कर स्थाई रूप देने की तैयारी हो गई है।

इसके लिए नगर पालिका की ओर से भेजे गए 1.65 करोड़ के डीपीआर को शासन की स्वीकृति मिल गई है। पालिका धन का इंतजार कर रही है। कहा जा रहा है कि पिपरिस में संचालित कान्हा गोशाला की तर्ज पर रैमलपुर में भी संसाधन लगाए जाएंगे। 300 गोवंश की क्षमता वाले स्थाई गोशाला का निर्माण होने के बाद समस्या का समाधान हो जाएगा।

नगरीय क्षेत्र में गोवंशीय पशुओं के संरक्षण के लिए 1.65 करोड़ की लागत से पिपरिस में कान्हा गौशाला का निर्माण कराया गया है। 300 गोवंशीय पशुओं की क्षमता वाले इस गोशाला में वर्तमान समय 233 गोवंश संरक्षित किए जा रहे हैं। जबकि सीमा विस्तार के बाद शहरी क्षेत्र में शामिल रैमलपुर गांव में पहले से बने अस्थाई गौशाला में 139 गोवंशीय हैं।

नगरीय क्षेत्र में आने के बाद कान्हा गोशाला की तरह इसे स्थाई रूप देने के लिए पालिका ने शासन को साल भर पहले डीपीआर भेजा था जिसे स्वीकृति मिल चुकी है। इसका निर्माण होते ही पशुओं की धर पकड कर उन्हें गोशाला में संरक्षित किया जाएगा।

पिपरिस में कान्हा गोशाला की क्षमता कम है। इस समय वहां पर 233 गोवंशीय पशु हैं। इससे अधिक पशु नहीं रखे जा सकते जबकि रैमलपुर की अस्थाई गोशाला में पर्याप्त जगह है। फिलहाल पशुओं के रखरखाव के लिए कर्मचारियों को नियुक्त किया गया है। जल्द ही इसका स्थाई निर्माण कराया जाएगा। शासन से धन आवंटित होने का इंतजार किया जा रहा है। -डीएस वर्मा, ईओ नगर पालिका परिषद, भदोही।

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