फ्री बिजली का बड़ा धमाका: छतों पर लगे सोलर पैनल, उपभोक्ताओं ने ग्रिड को बेची 50 लाख यूनिट बिजली, जानें सब्सिडी का पूरा गणित
पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के तहत बरेली में 1.89 लाख से अधिक उपभोक्ताओं ने अपनी छतों पर सोलर ...और पढ़ें

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HighLights
शहर में अब तक 22,319 उपभोक्ताओं के घरों पर लग चुके सोलर पैनल
पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना ऊर्जा के क्षेत्र में आ रही आत्मनिर्भरता
कमलेश शर्मा, बरेली। बिजली छोटे-बड़े हर घर के लिए आवश्यक आवश्यकता बन चुकी है। महंगी बिजली बिल के बोझ से दबे उपभोक्ताओं को राहत दिलाने के लिए सरकार सौर ऊर्जा को बढ़ावा दे रही है। पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के अंतर्गत घरेलू कनेक्शन पर सोलर पैनल लगवाने में एक लाख आठ हजार रुपये तक का अनुदान दे रही है।
इसके सकारात्मक परिणाम दिखाई पड़ने लगे हैं। बिजली बिल से मुक्ति पाने के साथ उपभोक्ता पावर ग्रिड को 50.43 लाख यूनिट बिजली प्रतिदिन उपलब्ध करा रहे हैं।
दो साल पहले जब योजना की शुरूआत हुई थी, तब लोक सोलर पैनल लगवाने से झिझक रहे थे। घरेलू कनेक्शन पर उपभोक्ताओं को सोलर पैनल लगवाने पर बिजली बिल में राहत मिलने लगी तो लोगों में इसका क्रेज बढ़ने लगा है।
अब शहर के अधिकांश मुहल्लों में लोगों की छतों पर सोलर पैनल दिखाई पड़ने लगे हैं। अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि अब तक 1,89,460 उपभोक्ताओं ने अपनी छतों पर सोलर पैनल लगवा लिया है। जिनसे 50,43,281 यूनिट प्रतिदिन बिजली विद्युत विभाग के ग्रिड में पहुंच रही है।
ग्रिड पर सोलर पैनल से पहुंच रही बिजली के आंकड़ों पर नजर डालें तो एक किलोवाट के 48,706, दो किलोवाट के 42,423, तीन किलोवाट के 48,423 और चार किलोवाट के 49,912 सोलर पैनल लगवाए जा चुके हैं। ग्रिड में पहुंच रही बिजली का समायोजन उपभोक्ताओं के बिल में किया जा रहा है।
ऐसे करें आवेदन
उपभोक्ता को उतने किलोवाट का ही साेलर पैनल लगवाने की अनुमति दी जा रही है, जितने किलोवाट का बिजली कनेक्शन है। pmsurryaghar.gov.in आवेदन करने पर स्वीकृति के बाद वेंडर सोलर पैनल लगवा देता है।
उपभोक्ता के खाते में सब्सिडी पहुंच जाती है। आवेदन के साथ बिजली का नवीनतम बिल, आधार कार्ड, मोबाइल नंबर, बैंक खाता नंबर के लिए कैंसिल चेक लगाना आवश्यक है।
यूपी नेडा की ओर से अनुदान देकर उपभोक्ताओं के घरों में लगाए जा रहे सोलर पैनल का दोहरा लाभ मिल रहा है। एक तो उपभोक्ता को न्यूनतम बिजली बिल का भुगतान देना पड़ रहा है, वहीं पावर ग्रिड पर बिजली की उपलब्धता भी बढ़ रही है। सोलर पैनल लगवाने वाले उपभोक्ताओं की संख्या बढ़ रही है, इससे बिजली के क्षेत्र में आत्मनिर्भरता का मार्ग प्रशस्त हो रहा है।
- ललित कुमार, अधीक्षण अभियंता नगरीय क्षेत्र
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