विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

IVRI में 10 दिनों की हड़ताल के बाद बनी सहमति: स्टाइपेंड ₹3000 से बढ़कर ₹13,000 हुआ, इस तारीख से मिलेगा लाभ

Published: Thu, 15 Oct 2026 03:53 PM (IST)

भारतीय पशु चिकित्सा अनुसंधान संस्थान (आईवीआरआई) में छात्रों का 10 दिवसीय स्टाइपेंड बढ़ोतरी आंदोलन समाप्त हो गया। जिला प्रशासन की ...और पढ़ें

आईवीआरआई

आईवीआरआई

HighLights

  1. छात्रों ने कहा- मिला आश्वासन, नई दर एक जनवरी 2027 से होगी प्रभावी

जागरण संवाददाता, बरेली। भारतीय पशु चिकित्सा अनुसंधान संस्थान (आईवीआरआई) में अनिवार्य इंटर्नशिप के स्टाइपेंड में बढ़ोतरी की मांग को लेकर 10 दिनों से चल रहा विद्यार्थियों का आंदोलन बुधवार देर शाम समाप्त हो गया। जिला प्रशासन की मध्यस्थता में हुई बैठक में विद्यार्थियों के स्टाइपेंड को 3000 रुपये प्रतिमाह से बढ़ाकर 13 हजार रुपये प्रतिमाह करने पर सहमति बनी। छात्रों के अनुसार, नई दर एक जनवरी 2027 से प्रभावी होगी। यह स्टाइपेंड 12 महीने तक दिया जाएगा।

आईवीआरआई के 100 से अधिक बीवीएससी एवं एनिमल हस्बैंडरी (एएच) विद्यार्थियों ने अनिवार्य इंटर्नशिप के दौरान मिलने वाले स्टाइपेंड में बढ़ोतरी की मांग को लेकर शांतिपूर्ण प्रदर्शन शुरू किया था।

उनकी मांग थी कि वर्तमान में मिल रहे 3000 रुपये प्रतिमाह के स्टाइपेंड को बढ़ाकर 25 हजार रुपये किया जाए। विद्यार्थियों का कहना था कि अनिवार्य इंटर्नशिप की अवधि और जिम्मेदारियों को देखते हुए वर्तमान राशि पर्याप्त नहीं है।

इसको लेकर कई दौर की वार्ता हुई, जोकि लिखित आश्वासन न मिलने से असफल रही। मांग पूरी नहीं होने पर विद्यार्थियों ने भूख हड़ताल शुरू कर दी। बुधवार को भूख हड़ताल का तीसरा दिन था।

आंदोलन के बीच जिला प्रशासन की पहल पर संस्थान के कमेटी हाल में बैठक बुलाई गई। इसमें 40 छात्र प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया। बैठक में स्टाइपेंड बढ़ाने के मुद्दे पर चर्चा हुई और अंततः 13 हजार रुपये प्रतिमाह देने पर सहमति बनी।

प्रशासन की मध्यस्थता में बनी सहमति

बैठक में जिला प्रशासन की ओर से अपर जिलाधिकारी नगर डाॅ. अविनाश त्रिपाठी, संस्थान के निदेशक डाॅ. राघवेंद्र भट्टा और विद्यार्थियों के प्रतिनिधि मौजूद रहे।

सभी पक्षों के बीच सहमति बनने के बाद विद्यार्थियों ने अपना धरना समाप्त करने का निर्णय लिया। स्टाइपेंड में बढ़ोतरी के निर्णय से विद्यार्थियों को राहत मिली है।

हालांकि, विद्यार्थियों की मूल मांग 25 हजार रुपये प्रतिमाह की थी, जबकि सहमति 13 हजार रुपये पर बनी। नई व्यवस्था एक जनवरी 2027 से लागू होने के बाद इंटर्नशिप करने वाले विद्यार्थियों को 12 महीने तक बढ़ी हुई दर से स्टाइपेंड मिलेगा।

यह भी पढ़ें- बरेली DIO की बहन ने लखनऊ में की खुदकुशी, पति और सास पर गंभीर आरोप, 'मौत से पहले WhatsApp ग्रुप पर भेजा मैसेज...'