बरेली के 57 वार्डों में पेयजल संकट होगा खत्म, बिछेंगी नई पाइपलाइनें और बनेंगे 19 ओवरहेड टैंक
बरेली के 57 वार्डों में पेयजल किल्लत दूर करने के लिए 265 करोड़ की परियोजना पर काम शुरू हो गया है। इसके तहत 302 किमी लंबी पाइपलाइन बिछाई जाएगी।

इस फोटो को एआई टूल की मदद से बनाया गया है।
HighLights
57 वार्डों में पेयजल किल्लत दूर करने को परियोजना शुरू।
265 करोड़ से 302 किमी लंबी पाइपलाइन बिछाई जाएगी।
19 ओवरहेड टैंक बनेंगे, सात की मिट्टी जांच पूरी।
जागरण संवाददाता, बरेली। शहर के 57 वार्डों में वर्षों से बनी पेयजल किल्लत जल्द दूर होगी। जल निगम शहरी ने 265 करोड़ से 302 किमी. लंबी पाइपलाइन परियोजना पर काम शुरू कर दिया है। परियोजना के तहत प्रस्तावित ओवरहेड टैंक के निर्माण से पहले मिट्टी की जांच शुरू कर दी है। 19 प्रस्तावित ओवरहेड टैंकों में से सात स्थानों पर मिट्टी की जांच शनिवार को पूरी हो गई।
रिपोर्ट सकारात्मक आने के बाद अब शेष टैंकों के लिए जमीन चिह्नित करने की प्रक्रिया तेज कर दी गई है। परियोजना के तहत अक्टूबर से पाइपलाइन बिछाने का कार्य शुरू कर दिया जाएगा।
नगर निगम क्षेत्र के 34 वार्ड में अब तक पानी की लाइन नहीं पहुंच सकी है। साथ ही 23 वार्डों में पुरानी पाइपलाइन आए दिन क्षतिग्रस्त होने की शिकायत बनी रहती है। गर्मी में यह समस्या और गंभीर हो जाती है। इसको देखते हुए शासन ने 265 करोड़ से 302 किमी. लंबी पेयजल परियोजना की स्वीकृति दी है।
परियोजना के तहत अब वंचित क्षेत्रों में पाइपलाइन नेटवर्क को मजबूत करने के साथ हर घर तक पानी पहुंचाने की कवायद तेज हो गई है। अधीक्षण अभियंता जल निगम शहरी केके कटियार ने बताया कि परियोजना के तहत शहर में 19 ओवरहेड टैंक प्रस्तावित हैं। इन टैंकों के जरिये पानी का भंडारण और फिर नई लाइन के जरिए पानी की आपूर्ति की जाएगी। ॉ
बताया कि टैंक निर्माण से पहले जमीन की क्षमता और मिट्टी की प्रकृति जांची जा रही है, जिससे भविष्य में निर्माण की मजबूती को लेकर कोई समस्या न आए। सात स्थानों पर यह प्रक्रिया पूरी हो चुकी है।
वहीं अन्य प्रस्तावित टैंक के लिए भूमि चिह्नित करने का काम जारी है। जल निगम शहरी की कोशिश है कि भूमि संबंधी अड़चनें पहले दूर कर ली जाएं, जिससे अक्टूबर से पाइपलाइन और टैंक निर्माण का काम गति पकड़ सके।
पहली किश्त के रूप में जारी हो चुका है 51.14 करोड़
परियोजना के विकास के लिए शासन ने 51.14 करोड़ जारी कर दिया है। इसके निर्माण के लिए गुजरात की पी दास कंपनी को जिम्मेदारी दी गई है। अधीक्षण अभियंता के अनुसार नई परियोजना के विकास के बाद निगम क्षेत्र में पेयजल का कवरेज 51.15 प्रतिशत से बढ़कर 92 प्रतिशत हो जाएगा। इसमें 19 नए नलकूप, पानी के भंडारण के लिए 19 उच्च जलाशयों का निर्माण किया जाएगा।
योजना के तहत 76,465 नए हाउस कनेक्शन दिए जाएंगे। साथ ही असंतृप्त वार्ड- 01, 11, 15, 38, 31,07, 26, 70, 14, 71, 62, 33, 28, 34, 55, 47, 45, 59, 36, 80, 53, 20, 64, 72, 52, 02, 60, 06, 41, 74, 76, 58 व वार्ड-24 में पानी की नई लाइन बिछाई जाएगी।
