"मां-बाप को एक नहीं कर पाई..." पिता से वादा करके लौटी 10वीं की छात्रा, फिर उठाया खौफनाक कदम
बरेली में माता-पिता के विवाद से परेशान होकर 10वीं की छात्रा दिव्यांशी ने आत्महत्या कर ली, जबकि वह उन्हें मिलाने ...और पढ़ें

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जागरण संवाददाता, बरेली। 10वीं की छात्रा दिव्यांशी माता-पिता के विवाद से परेशान हो गई। वह पिता से बोलकर आयी थी कि मां को मनाकर साथ ले जाएगी लेकिन कामयाब नहीं हो सकी तो उसने फंदे पर लटक कर जान दे दी। वहीं बारादरी और सीबीगंज क्षेत्र में दो अन्य ने आत्महत्या कर ली।
15 वर्षीय दिव्यांशी बारादरी थाना क्षेत्र में आजाद नगर में मां श्यामलता के साथ रहती थी। उसकी मां आशा कार्यकर्ता हैं। उसके पिता वेदपाल भुता में गांव मैकूपुर में रहते हैं।
श्यामलता और वेदपाल में काफी समय से विवाद चल रहा था। दिव्यांशी मां के साथ रहकर ही पढ़ाई कर रही थी। बच्चे पिता के पास भी जाते थे। कुछ दिनों पहले दिव्यांशी पिता के पास गई थी।
एक दिन पहले ही वह मां के पास वापस आई थी। उसने पिता से कहा था कि वह मां को साथ रहने के लिए मनाएगी। गुरुवार दोपहर दिव्यांशी ने घर में फंदे पर लटककर जान दे दी।
उस समय मां काम से और छोटा भाई भी बाहर गया हुआ था। सीओ तृतीय शिवम आशुतोष ने बताया कि किशोरी ने फंदे पर लटककर जान दी है। माता-पिता के बीच विवाद से परेशान होकर जान देने की वजह सामने आई है।
युवक ने दोस्त के कमरे में फंदे से लटककर दी जान
वहीं बारादरी थाना क्षेत्र के निर्माण नगर में गुरुवार शाम अमन राठौर ने फंदे पर लटककर जान दे दी। अमन ने बीफार्मा की पढ़ाई थी और वह सौ फुटा रोड पर एक अस्पताल के मेडिकल स्टोर में काम करता था।
उसका दोस्त बीफार्म छात्र कौशल पटेल निर्माण नगर में कैलाश चंद्र पाठक के पीजी में किराये पर रहता है। वह दोस्त के कमरे पर आता जाता था। दोस्त ने उसे चाबी दे रखी थी।
वह गुरुवार को भी कमरे पर आया और पंखे से लटककर सुसाइड कर लिया। अमन मूलरूप से चेना मुरारपुर, हाफिजगंज का रहने वाला था। उसके पिता का नाम खुशहाली राम है। पुलिस के अनुसार युवक ने प्रेम प्रसंग के चलते आत्महत्या की।
फंदा लगाने वाले युवक की एक सप्ताह बाद मौत
सीबीगंज थाना क्षेत्र की लेबर कालोनी निवासी विशाल शर्मा ने आठ अक्टूबर को पत्नी सोनम से विवाद के बाद फंदा लगा लिया था। स्वजन ने उसे अस्पताल में भर्ती कराया था, जहां इलाज के दौरान उसकी गुरुवार को मौत हो गई। पिता नरेश शर्मा ने बताया कि विशाल प्राइवेट नौकरी करता था।
