बरेली नगर निगम: OTS में आवेदन के बाद भी अटकी छूट, 90 दिन में टैक्स नहीं भरा तो बढ़ेगा बकाये का बोझ
बरेली नगर निगम की ओटीएस योजना में हजारों भवन स्वामियों ने आवेदन के बाद भी बकाया जमा नहीं किया है। ...और पढ़ें

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HighLights
ओटीएस में 10 हजार से ज्यादा ने नहीं चुकाया बकाया, छूट पर संकट
14 नवंबर तक आवेदन की अंतिम तिथि, निगम ने की भुगतान की अपील
जागरण संवाददाता, बरेली। ब्याज और सरचार्ज में शत-प्रतिशत छूट का मौका मिला, लेकिन हजारों भवन स्वामियों ने अब तक बकाया नहीं चुकाया। एकमुश्त समाधान योजना (ओटीएस) में 15,040 आवेदन आए, लेकिन भुगतान सिर्फ 1,147 लोगों ने किया। 10,321 आवेदकों ने स्वीकृति के बाद भी कर जमा नहीं किया है। निर्धारित 90 दिन में पूरा भुगतान नहीं होने पर आमजन की ओर से किया आवेदन योजना से बाहर हो जाएगा।
ऐसे में छूट हाथ से निकल जाएगी और बकाये का बोझ फिर बढ़ सकता है। योजना में अब तक 8.98 करोड़ रुपये का ब्याज माफ हुआ है, लेकिन भुगतान की रफ्तार राहत के इस अवसर को अधूरा छोड़ रही है।
मुख्य कर निर्धारण अधिकारी पीके द्विवेदी ने बताया कि 15 अगस्त से आरंभ हुई ओटीएस योजना में अब तक 15,040 आवेदन आए हैं। इसमें 1,147 भवन स्वामियों ने ही कर जमा किया है। 10,321 आवेदकों का भुगतान बाकी है।
कहा कि ओटीएस में आवेदन करके ब्याज और सरचार्ज में शत-प्रतिशत छूट पाने का रास्ता तो खुल जाता है, लेकिन राहत का लाभ लेने के लिए पूरा भुगतान करना भी जरूरी है।
आवेदन स्वीकृत होने के बाद निर्धारित 90 दिन में बकाया जमा नहीं किया तो करदाता की मुश्किल बढ़ सकती है। ओटीएस के तहत अब तक नगर निगम को 3.72 करोड़ का राजस्व मिला है।
इसके मुकाबले योजना के अंतर्गत 32.11 करोड़ रुपये से अधिक की डिमांड दर्ज है और 8.98 करोड़ का ब्याज माफ किया गया है। चारों जोन के आंकड़ों पर नजर डालें तो जोन एक में 4,227 आवेदन आए, जिनमें 280 आवेदकों ने भुगतान किया।
जोन दो में 3,129 आवेदनों के सापेक्ष 253, जोन तीन में 4,441 के सापेक्ष 410 और जोन चार में 3,243 आवेदनों के सापेक्ष 204 आवेदकों ने कर जमा किया। इस तरह सबसे अधिक आवेदन जोन न में आए और भुगतान करने वालों की संख्या भी इसी जोन में सर्वाधिक रही।
करदाताओं के लिए जरूरी पांच कदम
- बकाया जांचें: नगर निगम के कर विभाग या संबंधित जोन कार्यालय से गृहकर, जलकर और सीवर कर की बकाया राशि की पुष्टि करें।
- आवेदन की स्थिति जानें: आवेदन स्वीकृत हुआ है, सत्यापन में है या कोई आपत्ति लगी है, इसकी जानकारी लें।
- समयसीमा नोट करें: स्वीकृति पत्र में दर्ज भुगतान की अंतिम तारीख जरूर देखें। 90 दिन की गणना किस तारीख से होगी, इसकी पुष्टि निगम से करें।
- पूरा भुगतान करें: केवल आंशिक राशि जमा करके छूट का लाभ सुरक्षित मानकर न चलें। योजना की लागू शर्तों के अनुसार पूरा भुगतान करें।
- रसीद और अपडेट जांचें: भुगतान की रसीद सुरक्षित रखें और गृहकर खाते में जमा राशि व छूट दर्ज होने की पुष्टि करें।
करदाता यदि ओटीएस में आवेदन किए हैं तो उसे अंतिम प्रक्रिया न मानें। स्वीकृति, भुगतान की समयसीमा और खाते में छूट दर्ज होने की स्थिति की पुष्टि करें। समय रहते भुगतान करने से ब्याज में राहत का लाभ मिल सकता है और पुराने बकाये को लेकर दोबारा परेशानी से बचा जा सकता है।
- पीके द्विवेदी, मुख्य कर निर्धारण अधिकारी
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