बलरामपुर में 157 ग्राम पंचायतें होंगी पुरस्कृत, वेरिफिकेशन के बाद मिलेगी पांच गुना धनराशि
बलरामपुर में 157 ग्राम पंचायतों को स्वयं के संसाधनों से आय अर्जित करने के लिए पंचायत प्रतिपूर्ति एवं प्रोत्साहन योजना के तहत पुरस्कृत किया जाएगा।

इस फोटो को एआई टूल की मदद से बनाया गया है।
HighLights
157 ग्राम पंचायतें स्वयं की आय पर पुरस्कृत होंगी।
सत्यापन के बाद आय का पांच गुना प्रोत्साहन मिलेगा।
योजना से पंचायतों को आत्मनिर्भर बनाने का लक्ष्य।
संवाद सूत्र, बलरामपुर। स्वयं संसाधनों एवं विभिन्न स्रोतों से आय अर्जित करने वाली ग्राम पंचायतों को विकास के लिए पंचायत प्रतिपूर्ति एवं प्रोत्साहन योजना से धनराशि दी जाएगी। जिले में ऐसी 157 पंचायतों की रिपोर्ट एकत्र की गई है। योजना के तहत 1500 तक आबादी वाली पंचायतें शामिल किए गए हैं।
वर्ष 2025-26 में जन सेवा केंद्र, कूड़ा संग्रहण, खाद बिक्री, कूड़ा निस्तारण केंद्र (आरआरसी), जल शुल्क, तालाब पट्टे की नीलामी आदि से आय की है। सहायक विकास अधिकारियों द्वारा 157 पंचायतों की रिपोर्ट कार्यालय में भेजा गया है। जिला स्तरीय समिति के सत्यापन के बाद ग्राम पंचायतों का अंतिम चयन किया जाएगा। पिछले वर्ष ऐसी तीन ग्राम पंचायतों को योजना का लाभ मिल चुका है।
जिले में 793 ग्राम पंचायते हैं। छोटी पंचायत को आत्मनिर्भर बनाने के लिए शासन ने अनुदान की जगह कमाई करने वाली पंचायतों को प्रोत्साहन के रूप में सम्मान दी जा रही है। प्रोत्साहन की धनराशि किसी योजना के तहत सामान्य धनराशि नहीं है।
यह पंचायतों की स्वयं के कमाई यानि ओन सोर्स रेवेन्यू (ओएसआर) के आधार पर प्रोत्साहन पुरस्कार के रूप में दिया जाता है। इस पहल से न सिर्फ पंचायतों में कामकाज की सोच बदलेगी़, बल्कि आने वाले दिनों में गांव को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में एक ठोस कदम होगा।
जिला पंचायत राज अधिकारी अशोक कुमार सचान ने बताया कि पिछले वर्ष में अपने संसाधन से आय करने वाली विकास खंड गैंडासबुजुर्ग की धौराहरा, पंचपेड़वा की मिश्ररौलिया व श्रीदत्तगंज की त्रिगुनायकपुर को प्रोत्साहन राशि प्रदान की गई थी। इसी तर्ज पर पिछले वर्ष जिन पंचायतों ने अपने संसाधन से आय की है, उनकी रिपोर्ट तैयार की गई है। जिला स्तरीय टीम के सत्यापन के बाद पंचायत की सूची जारी की जाएगी।
