विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

अयोध्या में अब गांवों में भी हर घर से उठेगा कूड़ा, लोगों को रोजाना देना होगा शुल्क

By Nafees Edited By: Ashish Mishra
Published: Fri, 11 Sep 2026 06:05 PM (IST)

अयोध्या के रुदौली विकासखंड की ग्राम पंचायतों में सितंबर से घर-घर से कूड़ा उठाया जाएगा। इस व्यवस्था के तहत प्रत्येक परिवार से प्रतिदिन एक रुपये शुल्क लिया जाएगा।

इस फोटो को एआई टूल की मदद से बनाया गया है।

इस फोटो को एआई टूल की मदद से बनाया गया है।

HighLights

  1. रुदौली के गांवों में सितंबर से घर-घर कूड़ा कलेक्शन शुरू।

  2. प्रत्येक परिवार से प्रतिदिन एक रुपये शुल्क लिया जाएगा।

  3. यह व्यवस्था गांवों की स्वच्छता और पंचायतों की आय बढ़ाएगी।

जागरण संवाददाता, रुदौली (अयोध्या)। गांवों में स्वच्छता व्यवस्था को नई दिशा देने की तैयारी है। अब नगर निकायों की तर्ज पर विकासखंड रुदौली की ग्राम पंचायतों में घर-घर से कूड़ा उठाया जाएगा। सितंबर से शुरू होने वाली इस व्यवस्था के तहत प्रत्येक परिवार से एक रुपये प्रतिदिन यानी 30 रुपये प्रतिमाह शुल्क लिया जाएगा।

कूड़ा उठाने के साथ शुल्क वसूलने की जिम्मेदारी रुदौली के सफाई मित्रों को सौंपी गई है। हालांकि विकासखंड रुदौली में 89 ग्राम पंचायतें है, जहां केवल 60 ग्राम पंचायतों में लागू होने वाली इस व्यवस्था से गांवों में नियमित कूड़ा उठान सुनिश्चित करने की तैयारी है।

सफाई मित्र अपने तैनाती वाले गांवों में घर-घर जाकर कूड़ा एकत्र करेंगे। इससे गलियों, रास्तों और सार्वजनिक स्थानों पर कूड़ा जमा होने की समस्या कम होने की उम्मीद है।

नई व्यवस्था के तहत ग्रामीण परिवारों को हर दिन सिर्फ एक रुपये शुल्क देना होगा। यानी महीने में 30 रुपये देकर घर से कूड़ा उठाने की सुविधा मिलेगी। विभाग का मानना है कि मामूली शुल्क के बदले नियमित कूड़ा उठान से गांवों की स्वच्छता व्यवस्था को मजबूती मिलेगी।

कूड़ा उठाने की जिम्मेदारी सफाई मित्रों को दिए जाने के साथ उनकी जवाबदेही भी तय की जाएगी। उन्हें अपने निर्धारित गांव में नियमित रूप से घर-घर जाकर कूड़ा एकत्र करना होगा। इससे कूड़ा उठान की निगरानी भी आसान होगी और व्यवस्था में लापरवाही पर जिम्मेदारी तय की जा सकेगी।

कूड़ा कलेक्शन से मिलने वाला शुल्क ग्राम पंचायतों के ओएसआर (ओन सोर्स रेवेन्यू) में शामिल किया जाएगा। यानी अब कूड़ा उठाने से मिलने वाली राशि पंचायतों की अपनी आय का नया स्रोत बनेगी। इससे पंचायतों को स्वच्छता व्यवस्था सहित स्थानीय जरूरतों पर खर्च के लिए अतिरिक्त संसाधन मिल सकेंगे।

सितंबर से शुरू होने वाली यह व्यवस्था गांवों में स्वच्छता के साथ पंचायतों की आर्थिक मजबूती की दिशा में भी महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है। फिलहाल ग्राम पंचायतों को जनसेवा केंद्र शुल्क, तालाबों के पट्टे व नीलामी से मिलने वाली राशि, दुकानों के किराये समेत विभिन्न स्रोतों से अपनी आय प्राप्त होती है। अब कूड़ा कलेक्शन शुल्क भी इस सूची में जुड़ जाएगा।

डीपीआरओ नीरज कुमार सक्सेना ने बताया कि ग्राम पंचायतों का ओएसआर बढ़ाने के लिए विभिन्न स्रोतों से आय जुटाई जा रही है। कूड़ा कलेक्शन शुल्क भी पंचायतों की अपनी आय में शामिल होगा।

एडीओ पंचायत उमेश कुमार ने बताया कि सितंबर से गांवों में घर-घर कूड़ा कलेक्शन कराया जाएगा। इसके लिए प्रत्येक परिवार से एक रुपये प्रतिदिन के हिसाब से शुल्क लिया जाएगा और यह राशि पंचायत की आय में शामिल होगी।

यह भी पढ़ें- गोरखपुर में अब पहले से ज्यादा भव्य और आधुनिक होंगे रेलवे के आवास, बोर्ड ने जारी किया नया मॉडल प्लान