अमरोहा : वित्तीय अनियमितताओं में घिरे तरारा के ग्राम प्रधान के वित्तीय एवं प्रशासनिक अधिकार जिलाधिकारी हेमंत कुमार ने सीज कर दिए हैं। साथ ही विस्तृत जांच के लिए लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता अजय राठौर को जांच अधिकारी नामित किया है।

चार-पांच माह पूर्व हसनपुर तहसील क्षेत्र के गांव तरारा के ग्रामीणों ने ग्राम प्रधान होशेराम पर विकास कार्यों में धांधली व मनरेगा में परिवारों के लोगों के नाम से सरकारी धनराशि का गबन करने तथा शौचालय निर्माण में गड़बड़ी के आरोप लगाए थे। ग्रामीणों ने शपथ-पत्र देकर और वित्तीय अनियमितताओं से जुड़े साक्ष्य भी उपलब्ध कराए थे। इस मामले में उप निदेशक पंचायत मुरादाबाद महेंद्र ¨सह को जांच सौंपी गई थी।

उन्होंने मामले की जांच की तो ग्रामीणों द्वारा लगाए गए आरोप सही पाए गए। उप निदेशक पंचायतीराज की रिपोर्ट के आधार पर बुधवार को जिलाधिकारी हेमंत कुमार ने ग्राम प्रधान होशेराम के वित्तीय एवं प्रशासनिक अधिकारी सीज कर दिए। साथ ही आरोपों की विस्तृत जांच के लिए लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता अजय राठौर को जांच सौंप दी है।

वहीं इससे पूर्व तरारा के दर्जनों ग्रामीणों ने जिलाधिकारी कार्यालय पर प्रदर्शन किया और ग्राम प्रधान के खिलाफ कार्रवाई की मांग की थी। ग्रामीणों ने आरोप लगाया था कि जब जांच में आरोप सही पाए गए हैं तो ग्राम प्रधान के खिलाफ क्यों कार्रवाई नहीं हो रही। इसके बाद जिलाधिकारी हेमंत कुमार ने ग्राम प्रधान के वित्तीय एवं प्रशासनिक अधिकारी सीज कर ग्रामीणों को शांत किया।

इस दौरान सुमित कुमार, सुनील कुमार, लक्ष्मण ¨सह, भोजराम ¨सह, छोटेलाल, संजय ¨सह, शीशपाल ¨सह, दीवान ¨सह, संजय ¨सह आदि प्रमुख रूप से मौजूद रहे।

Posted By: Jagran