अमेठी में महिलाओं को स्वावलंबी बनाने की पहल, शुरू करेंगी सब्जी, पनीर और मसाले का कारोबार
अमेठी में स्वयं सहायता समूह की महिलाएं सब्जी, पनीर और मसाला उत्पादन के माध्यम से आत्मनिर्भर बन रही हैं। इस ...और पढ़ें

यह तस्वीर एआई द्वारा बनाई गई है।
HighLights
स्वयं सहायता समूह की महिलाएं बनेंगी आत्मनिर्भर।
नौ प्रोड्यूसर ग्रुप को मिलेगा डेढ़ लाख का फंड।
सब्जी, पनीर, मसाला उत्पादन से मिलेगा रोजगार।
देवेंद्र सिंह परिहार, अमेठी। जिले की स्वयं सहायता समूह की महिलाओं को गरीबी उन्मूलन की दिशा में बेहतर कार्य करने का अवसर प्रदान किया जा रहा है। समूहों से जुड़ी महिलाओं को सही दिशा प्रदान करने की योजना तैयार की गई है। पायलट प्रोजेक्ट के तहत नौ प्रोड्यूसर ग्रुप के जरिए समूहों का चयन किया गया है, जो सब्जी, पनीर व मसाला उद्यम स्थापित कर खुद के साथ ही दूसरों को रोजगार के अवसर प्रदान करेंगी।
प्रत्येक प्रोड्यूसर ग्रुप को डेढ़ लाख रुपये उपलब्ध मुहैया कराया जाएगा, जिससे महिलाओं को कार्य में धन बाधा न बन सके और वे आगे बढ़ सकें। राष्ट्रीय आजीविका मिशन के तहत जिले में अब तक लगभग 11 हजार स्वयं सहायता समूह का गठन किया जा चुका है, जिसमें डेढ़ लाख से अधिक महिलाओं को जोड़ा गया है। इनसे जुड़ी महिलाएं किसी न किसी कारोबार से जुड़ी हुई हैं। सीडीओ की पहल पर तीन से चार समूहों को जोड़कर प्रोड्यूसर ग्रुप बनाया गया है।
ग्रुप के जरिए महिलाओं को आर्थिक सहयोग प्रदान किया जाएगा, जिससे कार्य में धन की बाधा न आए और महिलाएं खुद के साथ ही दूसरों को भी स्वावलंबी बना सकें। इसमें अमेठी, संग्रामपुर व भेटुआ के स्वयं सहायता समूह की महिलाओं को जोड़कर ग्रुप तैयार किया गया है। उन्हें आजीविका फंड से धन उपलब्ध कराया जाएगा। साथ ही समय-समय पर उन्हें तैयार उत्पादों के प्रदर्शन के लिए मंच भी प्रदान किया जाएगा।
महिलाओं को स्वरोजगार से जोड़ने के लिए लगातार प्रयास किया जा रहा है। नौ प्रोड्यूसर ग्रुप के जरिए आजीविका फंड से धन उपलब्ध कराया जाएगा। दो प्रोड्यूसर ग्रुप पनीर, दो सब्जी व शेष मसाला का कार्य करेंगी। जिससे उन्हें आर्थिक लाभ मिलेगा। साथ ही वह खुद के साथ ही दूसरों को स्वावलंबी बना सकेंगी।- पूजा साहू, मुख्य विकास अधिकारी।
