प्रयागराज, जागरण संवाददाता। प्रयागराज के लिए अच्‍छी खबर है। ट्रेन की बोगियों में किसी भी तरह की खराबी आने पर अब उन्हें ठीक करने के लिए लखनऊ नहीं भेजना होगा। प्रयागराज में ही इसके मरम्मत और उनके मेंटेनेंस का काम हो जाएगा। इससे बोगियों को आसानी और जल्दी से मरम्मत कर ट्रैक कर भेजा जा सकेगा। समय की भी बचत होगी।

उत्‍तर रेलवे ने प्रयागराज संगम स्‍टेशन पर सिंक लाइन शुरू की : उत्तर रेलवे की ओर से यार्ड रिमाडलिंग के तहत प्रयागराज संगम स्टेशन पर बनाई गई सिक लाइन को शुरू कर दी गई है। यहां पहले से दो वाशिंग लाइन काम कर रही थी, जिसमें एक 777 मीटर व दूसरी 637 मीटर की है। अब 247 मीटर की सिक लाइन के शुरू हो जाने से पूरी तरह से मरम्मत होने के बाद ही ट्रेनें लखनऊ भेजी जाएंगी। इतना ही नहीं ट्रेनों की बोगियों के मरम्मत के लिए अब उन्हें यार्ड में खड़े रहने की जरूरत नहीं होगी।

सिक लाइन से क्‍या होगी सुविधा : लखनऊ मंडल में सिर्फ दो सिक लाइन है, एक लखनऊ में जबकि दूसरी प्रयागराज संगम में अब शुरू की गई है। सिक लाइन में यात्री कोचों के अनुरक्षण, रखरखाव, मरम्मत, इंटरमीडिएट ओवरहालिंग (आइओएच प्रत्येक नौ माह में अपेक्षित) व पीरियाडिकल ओवरहालिंग (पीओएस प्रत्येक 18 माह में अपेक्षित) का कार्य होगा।

प्रयागराज संगम रेलवे स्‍टेशन अधीक्षक बोले : प्रयागराज संगम रेलवे स्टेशन के अधीक्षक अवधेश पाठक ने बताया कि वाशिंग लाइन में ट्रेन के बोगियों की सफाई व तकनीकी जांच होती है। जांच में खामी मिलने पर उसे सिक लाइन पर रिपेयर के लिए भेज दिया जाता है। इससे कोचों की गुणवत्ता बनी रहेगी और उनकी क्षमताओं में वृद्धि भी होगी। संरक्षा व सुरक्षा के साथ ट्रेन चलाई जा सकेगी।

Edited By: Brijesh Srivastava