अजहर अंसारी, इलाहाबाद : प्राथमिक विद्यालयों में कार्यरत अनट्रेंड शिक्षकों को डीएलएड (डिप्लोमा इन इलेमेंट्री एजूकेशन) की शिक्षा ऑनलाइन देने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। मुक्त विद्यालयी शिक्षण संस्थान (एनआइओएस) के माध्यम से केंद्र में पंजीकृत स्टडी मैटेरियल को दृश्य-श्रव्य के माध्यम से प्रभावशाली स्टडी मैटेरियल उपलब्ध कराने का फैसला किया गया है। 'स्वयं प्रभा' टीवी पर ट्यून कर कोर्स में पंजीकृत छात्र-छात्राएं अध्यायों की पढ़ाई कर सकते हैं। कोर्स पंजीकृत रजिस्ट्रेशन नंबर देकर निजी डिश टीवी अथवा केबल आपरेटरों के जरिये देखा जा सकता है।

आइआइटी, एनआइटी और देश के शीर्ष शिक्षण संस्थानों में सेटेलाइट लेक्चर की तर्ज पर राष्ट्रीय मुक्त विद्यालयी शिक्षण संस्थान ने इस योजना को अमली जामा पहनाया है। दो वर्षीय डीएलएड पाठ्यक्रम में प्रवेश प्राप्त अभ्यर्थी अपने पंजीकरण नंबर के माध्यम से योजना का लाभ उठा सकते हैं। एनआइओएस के क्षेत्रीय निदेशक वी. सतीश का कहना है कि यूं तो कोर्स के लिए स्थानीय स्तर पर अध्ययन केंद्र बनाए गए हैं। यहां पर निर्धारित अवधि के लिए विषयों के शिक्षक अभ्यर्थियों को पढ़ाते हैं। इसके साथ-साथ संस्थान ने हाईटेक व्यवस्था करते हुए स्वयं प्रभा टीवी पर अभ्यर्थियों को प्रत्येक सेमेस्टर में पढ़ाए जाने वाले टॉपिक की कक्षाएं चलाने जा रहा है। भारत में प्राथमिक शिक्षा का सांस्कृतिक महत्व, प्राथमिक स्तर पर भाषा एवं गणित का शिक्षण, कम्युनिटी एवं इलेमेंट्री एजूकेशन, उच्च प्राथमिक स्तर में विज्ञान एवं सामाजिक विज्ञान आदि की कक्षाओं का संचालन प्रभावशाली रूप से किया जा रहा है। पाठ्यक्रम के लिए प्रयोगात्मक पक्ष का भी प्रसारण अभ्यर्थी टीवी पर देख सकते हैं। ऑनलाइन डिजिटल मैटेरियल ऑनलाइन उपलब्ध करा दिया गया है। इसके लिए स्वयं डाट कॉम पर लाग इन कर सेमेस्टर वाइस प्राप्त किया जा सकता है।

Posted By: Jagran