प्रयागराज, जागरण संवाददाता। नवरात्र में पूजा पंडालों में स्‍थापित मां दुर्गा की मूर्ति विसर्जन स्‍थल को लेकर लोगों में नाराजगी है। मूर्ति विसर्ज के लिए प्रयागराज में राम घाट पर कृत्रिम तालाब न बनाने पर लोगों में नाराजगी है। दुर्गा मूर्तियों का विसर्जन अंदावा तालाब में कराने को हाई कोर्ट के आदेश की अनदेखी बताया जा रहा है।

जिला प्रशासन पर यह लगाया गया आरोप

इसके विरोध में अवमानना याचिका दाखिल करने की तैयारी है। कहा गया कि प्रयागराज के जिला प्रशासन ने मूर्ति विसर्जन को लेकर उच्च न्यायालय के उस आदेश का पालन नहीं किया, जिसमे कोर्ट ने मूर्ति विसर्जन को न्यायालय ने 2015 के स्थाई आदेश के आधार पर कृत्रिम तालाब में मूर्ति विसर्जन की बात कही है।

दुर्गा पूजा समिति के वरिष्‍ठ अध्‍यक्ष ने जिला प्रशासन पर लगाया आरोप

इलाहाबाद हाई कोर्ट के अधिवक्ता और इलाहाबाद दुर्गा पूजा समिति के वरिष्ठ उपाध्यक्ष विजय कुमार श्रीवास्तव ने कहा कि यह दुर्भाग्यपूर्ण विषय है कि जिलाधिकारी ने हाई कोर्ट के आदेश का पालन नहीं करके गलत किया है। इससे पता चल रहा है प्रदेश शासन का उच्च न्यायालय के आदेश का कोई सम्मान नहीं है। बोले कि चिंता का विषय यह भी है कि प्रयागराज के जिला प्रशासन ने नवमी के दिन भी अवमानना के डर से मूर्ति विसर्जन स्थल का खुलासा अपने प्रेस विज्ञप्ति में नही किया।

बंगाली वेलफेयर एसोसिएशन के सचिव बोले- सोमवार को अवमानना याचिका दाखिल की जाएगी

बंगाली वेलफेयर एसोसिएशन के सचिव डाक्‍टर पीके राय ने प्रेस को अवगत कराया है कि संस्था के अधिवक्ता विजय चंद्र श्रीवास्तव और सुनीता शर्मा ने प्रयागराज जिलाधिकारी के खिलाफ एक अवमानना याचिका तैयार कर चुके हैं, जिसे पीके राय और समाजसेवी योगेंद्र कुमार पांडेय की तरफ से आगामी सोमवार को दाखिल किया जाएगा।

Edited By: Brijesh Srivastava