अलीगढ़, जागरण संवाददाता। एटा के कारोबारी संदीप गुप्ता की हत्या के मामले में पुलिस को अभी तीन आरोपितों की तलाश है। तीनों पर 50-50 हजार रुपये का इनाम घोषित है। बीते दिनों पुलिस ने 50 हजार के इनामी दुष्यंत को गिरफ्तार करके जेल भेजा है। उससे पूछताछ के बाद भी तीनों आरोपितों के बारे में कोई सुराग नहीं मिला है। हालांकि पुलिस की टीमें गैर जनपदों में डटी हुई हैं।

यह है मामला

27 दिसंबर को हुई एटा के अलीगंज निवासी कारोबारी संदीप गुप्ता की हत्या में पुलिस ने साईं विहार कालोनी निवासी ट्रांसपोर्टर राजीव अग्रवाल को जेल भेजकर मामले का पर्दाफाश किया था। पुलिस के मुताबिक, राजीव के बेटे अंकुश की शादी अलीगंज निवासी संदीप के मित्र की बेटी से हुई थी। अंकुश पत्नी को पीटता था, जिसका संदीप विरोध करते थे। कई बार संदीप व अंकुश के बीच नोकझोंक हुई थी। अंकुश के खिलाफ दहेज प्रताड़ना का भी मुकदमा भी दर्ज हुआ था। इसमें हुए समझौते में भी संदीप ने मध्यस्थता की थी। इसी को लेकर अंकुश व राजीव रंजिश मानने लगे थे। अंकुश ने अपने दोस्त दुष्यंत व अन्य लोगों के साथ मिलकर संदीप की हत्या करवा दी थी। इस मामले में अब तक तीन नाबालिगों सहित सात लोग गिरफ्तार हो चुके हैं। इनमें मुख्य आरोपित अंकुश के पिता राजीव, आरोपित साहिल का दोस्त मनीष व साहिल के भाई अनुराग के अलावा 50 हजार का इनामी दुष्यंत भी शामिल है। आरोपित दुष्यंत ने पूछताछ में बताया कि हत्या की योजना उसके गैराज पर ही बनाई गई थी। हत्या में मुख्य भूमिका साहिल व अंकुश की थी। हत्या के बाद सभी लोग दुष्यंत के गैराज पर गाड़ियां खड़ी करके फरार हो गए थे। सीओ श्वेताभ पांडेय ने बताया कि साहिल, अंकुश व उत्कर्ष अभी फरार हैं। इनकी तलाश में टीमें लगी हुई हैं। तीनों पर 50-50 हजार रुपये का इनाम घोषित है।

Edited By: Sandeep Kumar Saxena