अलीगढ़, जेएनएन। गांव देहात में साफ-सफाई को लेकर अब सरकार बेहद ध्यान दे रही है। प्रधानों के निर्वाचित होने के बाद शासन का गांवों की साफ-सफाई पर विशेष फोकस है। इसलिए शासन स्तर से मेरा गांव, स्वच्छ गांव अभियान फेज दो का एलान कर दिया गया है। सात जून से इसकी शुरुआत हो गई है। गांव-गांव कमेटियां गठित की गई हैं। यह साफ-सफाई कर रही हैं। नालियों से लेकर चकरोड़ तक साफ किया जा रहा है। 18 जून तक जिले में यह अभियान चलना है।

सामुदायिक कम्पोस्ट व सोख्ता गड्ढों की खुदाई होगी

डीपीआरओ पारुल सिसौदिया ने बताया कि इस अभियान के तहत पंचायतों में जलनिकासी की सुविधा के लिए नालियों की सफाई, कूड़े-कचरे के ढेरों की सफाई की कार्ययोजना ग्राम पंचायतों द्वारा तैयार करनी होगी। इसमें कितनी मशीनों की जरूरत है और कितनी धनराशि खर्च होगी, इस आकलन करना होगा। जीपीडीपी योजना से ठोस एवं तरल अपशिष्ट प्रबंधन के लिए गड्ढे खुदवाए जाएंगे। पंचायत के प्रत्येक राजस्व गांव में कम से कम दो व आवश्यकता के अनुरूप सामुदायिक कम्पोस्ट व सोख्ता गड्ढों की खुदाई होगी। इस काम में जेसीबी का प्रयोग किया जाएगा। उसके बाद आबादी व आस-पास के कूड़े-कचरे के ढेर ट्रैक्टर- ट्राली में लादकर कम्पोस्ट गड्ढे में डालना होगा।

टीम गांव-गांव जाकर भी सफाई करेंगी

घरों से निकलने वाले प्लास्टिक के कचरे के लिए प्लास्टिक कचरा एकत्रीकरण के स्थल का चिह्नांकन करना होगा। प्रत्येक गांव में सफाई कर्मचारी प्लास्टिक कचरा प्रबंधन केंद्र के जिम्मेदार होंगे। पंचायतों में कराए जाने वाले कार्योें की फोटोग्राफ भी प्रधानों को उपलब्ध करानी होगी। जेसीबी से बड़े ढेरों को हटाया जाएगा। सफाई कर्मियों की टीमें बनाई गई हैं। यह टीम गांव-गांव जाकर भी सफाई करेंगी। 18 जून तक इसका संचालन होना है।