AMU की जमीन बताकर 49 लाख की धोखाधड़ी, 11 जालसाजों पर FIR
अलीगढ़ में एएमयू की जमीन बताकर 1.75 करोड़ रुपये का सौदा कर 49 लाख रुपये की धोखाधड़ी का मामला सामने ...और पढ़ें

एएमयू का गेट।
HighLights
एएमयू की जमीन बताकर 49 लाख रुपये की धोखाधड़ी हुई।
पीड़ित भानुप्रताप सिंह ने 11 लोगों पर मुकदमा दर्ज कराया।
फर्जी बैनामा और मृत्यु प्रमाण पत्र दिखाकर ठगी की गई।
जागरण संवाददाता, अलीगढ़। एएमयू की जमीन को अपना बताकर 1.75 करोड़ रुपये में सौदा करने और खरीदार से 49 लाख रुपये लेने का मामला सामने आया है। आरोप है कि 11 लोगों ने कथित दलाल के साथ मिलकर जमीन का फर्जी बैनामा, मृत्यु प्रमाण पत्र और वारिसान प्रमाण पत्र दिखाकर पीड़ित को भरोसे में लिया। जमीन मौके पर दिखाने के बाद अलग-अलग तारीखों में आरटीजीएस और चेक के जरिए 49 लाख रुपये लिए गए।
बार-बार नक्शा मांगने पर भी नहीं दिया गया। अधिवक्ता के माध्यम से बैनामे की प्रमाणित प्रति और नक्शा निकलवाने पर जमीन एएमयू की होने की जानकारी हुई।
संजय गांधी कॉलोनी के हेमंत नगर निवासी भानुप्रताप सिंह ने सिविल लाइन थाने में इस मामले में गीता, उसके बेटे अंकुर सोलंकी, दीपक गुप्ता, अंकित, विकास गुप्ता, रिंकू गुप्ता, नैना गुप्ता, पूनम जालान, रैनू देवी, राहुल और कथित दलाल विजय चंदेल के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया है।
नक्शा निकलवाया तो एएमयू की निकली जमीन
भानुप्रताप ने तहरीर में बताया कि 25 जून 2025 को दोपहर करीब एक बजे आरोपित घर पहुंचे। उन्होंने सरला देवी के नाम का बैनामा, मृत्यु प्रमाण पत्र और वारिसान प्रमाण पत्र दिखाते हुए बताया कि उनकी जमीन मौजा कस्बा कोल में लाल डिग्गी रोड पर है। इसके बाद मौके पर ले जाकर आईजी गर्ल्स हॉस्टल और मस्जिद के बीच अंदर जाने वाली सड़क पर हास्टल के बाद दाईं तरफ खाली पड़ी जमीन को अपना बताया।
27 जून को आरोपित दोबारा घर पहुंचे। बैनामा दिखाया गया, लेकिन उसके साथ लगा नक्शा नहीं दिया। नक्शे की प्रति मांगने पर बाद में देने की बात कही गई। तहरीर के मुताबिक, उनकी बात पर विश्वास कर जमीन का सौदा 1.75 करोड़ रुपये में तय हुआ।
आईजी गर्ल्स हॉस्टल के पास की जमीन का 1.75 करोड़ में सौदा
शिकायत में भानुप्रताप ने बताया कि बैंक के जरिए आरोपितों के खातों में आरटीजीएस से रकम भेजी गई। इसके बाद चार अगस्त को अकाउंट पेयी चेक दिए गए। इसके बाद कई बार अलग-अलग मौकों पर चेक दिए गए। इसके बाद भी नक्शा नहीं दिया गया। भानुप्रताप ने अधिवक्ता के माध्यम से सरला देवी के नाम बताए गए बैनामे की प्रमाणित प्रति और नक्शा निकलवाया। आरोप है कि दस्तावेज देखने पर पता चला कि जिस जमीन का सौदा किया गया था, वह एएमयू की भूमि है और आरोपितों की नहीं है।
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आरोपितों ने रकम देने से कर दिया इनकार
भानुप्रताप का आरोप है कि जानकारी होने के बाद उसने आरोपितों से रकम वापस मांगी, लेकिन उन्होंने रुपये लौटाने से इनकार कर दिया। आरोप है कि पहले क्वार्सी थाने में तहरीर दी गई, लेकिन एफआईआर दर्ज नहीं हुई। इसके बाद एसपी सिटी को प्रार्थना पत्र देकर फर्जी और कूटरचित दस्तावेजों के जरिए धोखाधड़ी कर रकम हड़पने के आरोप में मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई की मांग की गई है।
