अलीगढ़, जागरण संवाददाता। भाजपा चुनाव से पहले प्रबुद्ध वर्गों में पैठ बना रही है। इसलिए डाक्टर, इंजीनियर, अधिवक्ता, आर्किटेक्ट आदि को प्रबुद्ध वर्ग सम्मेलन के माध्यम से जोड़ रही है। विधानसभा क्षेत्र के अनुसार इनके सम्मेलन कराए जा रहे हैं, जिससे समाज का पढ़ा-लिखा तबका जुड़ सके। भाजपा का कहना है कि वह हर वर्ग में पैंठ बनाने के लिए सम्मेलन आयोजित करेगी।

भाजपा कर रही बसपा का होड़

भाजपा विधानसभा चुनाव की तैयारियों में पूरी तरह से जुट गई है, पार्टी प्रत्येक तबके में पकड़ बना रही है, जिससे चुनाव में दमदारी से मैदान में उतरा जा सके। पार्टी ने प्रबुद्ध सम्मेलन का आयोजन शुरू कर दिया है। हालांकि, इस पर बसपा ने वार करना शुरू कर दिया है। बसपा प्रमुख का कहना है कि भाजपा उनकी नकल कर रही है। बसपा के राष्ट्रीय महासचिव सतीश चंद्र मिश्रा लगातार प्रबुद्ध सम्मेलन कर रहे हैं, उसे देखते हुए भाजपा प्रबुद्ध वर्ग के सम्मेलन कर रही है। हालांकि, भाजपा के जिलाध्यक्ष का कहना है कि बसपा भूल रही है, भाजपा वर्षों से यह सम्मेलन आयोजित कर रही है, बसपा तो लखनऊ से कभी बाहर निकली ही नहीं। पार्टी में शीर्ष पर दो-एक नेता बचे हैं, जब उन्हें अस्तित्व का खतरा दिखाई दे रहा है तो वह प्रबुद्ध वर्ग सम्मेलन कर रहे हैं, वह भी जिले स्तर पर सम्मेलन आयोजित किए जा रहे हैं, जबकि भाजपा विधानसभा क्षेत्र के अनुसार सम्मेलन कर रही है। भाजपा जिलाध्यक्ष ने तीखे वार किए और कहा कि बसपा तो चंद जिलों में सम्मेलन करने के बाद फिर पार्टी के नेता लखनऊ में शांत होकर बैठ गए, जबकि भाजपा लगातार सम्मेलन कर रही है। हम विधानसभा क्षेत्र के सम्मेलन में डाक्टर, इंजीनियर, अधिवक्ता, शिक्षक आदि को आमंत्रित किया जा रहा है। सम्मेलन में उनके प्रभावी विचारों को लिया जा रहा है, जो संगठन के लिए बहुत उपयोगी है। विभिन्न विचार समग्र बन रहे हैं और हम उनके प्रभावी विचारों का सम्मान कर रहे हैं। विधानसभा क्षेत्रों में बड़ी संख्या में लोग जुट रहे हैं। हर कोई पीएम मोदी और योगी के नेतृत्व की सराहना कर रहा है। प्रबुद्ध वर्ग के विचाराें से साफ है कि हर कोई भाजपा को चाह रहा है।

धार्मिक स्‍थलों पर राजनीति

जिलाध्यक्ष चौधरी ऋषिपाल सिंह ने कहा कि भाजपा ने राष्ट्र को आगे बढ़ाने का काम किया है, पार्टी का एक-एक कार्यकर्ता देश को मजबूत बनाने में जुटा हुआ है। हमारे यहां बूथ तक की इकाइयां मजबूत है। सभी को पता है कि भाजपा एक मात्र ऐसी पार्टी है जो धर्म-संस्कृति और मान बिंदुओं की बात करती है, जबकि अन्य दल इनसे दूर भागते हैं। आज यह श्रीराम मंदिर की बात कर रहे हैं, कह रहे श्रीराम सिर्फ भाजपा के नहीं हैं, तो फिर ये दावा करें कि मथुरा और काशी में वह मंदिर का निर्माण कराएंगे, वहां विवादित स्थल को हटवाएंगे, इस मामले में विपक्षी दलों को सांप सूंघ जाता है।