आगरा, जागरण संवाददाता। इलेक्ट्रानिक टिकटिंग मशीन (ईटीएम) की कमी से जूझ रहे परिवहन निगम को जल्द राहत मिलने वाली है। पुरानी कार्यदायी एजेंसी से अनुबंध समाप्त होने के कारण मशीनों की मरम्मत नहीं हाे पा रही थी, लेकिन अब नई एजेंसी से अनुबंध हो गया है। जल्द ही नई मशीनों उपलब्ध होंगी, जिसके पहले से तकनीक में कई गुना बेहतर हैं। यात्री डेबिट, क्रेडिट, स्मार्ट कार्ड के माध्यम से भी टिकट का डिजिटल भुगतान कर सकेंगे। गाजियाबाद, लखनऊ से व्यवस्था शुरू होगी और उसके बाद आगरा का नंबर आएगा।

परिवहन निगम सुविधाओं को बेहतर बनाने के प्रयास में जुटा है। एक वर्ष से पुरानी एजेंसी का अनुबंध समाप्त होने से आगरा क्षेत्र में संचालित रोडवेज की 570 बसों में से कुल 180 बसों में ही ईटीएम परिचालकों को दी जा रही है, जबकि अन्य ईटीएम खराब पड़ी है। ऐसे में परिचालकों की मनमानी पर नकेल कसने में सचल दलों को मुश्किल हो रही है। वहीं परिवहन निगम के राजस्व को नुकसान पहुंचाने का अवसर मिल रहा है। रोडवेज बसों के कुछ चालक, परिचालक बिना टिकट सवारियां लेकर चलते हैं। पिछले दिनों ऐसा खेल परिवहन निगम के सचल दल ने पकड़ा था, सचल दल की लोकेशन बताने का खेल भी चल रहा है। नई मशीनें आने से इस प्रक्रिया पर भी लगाम लगेगी। वहीं

एजेंसी एक एप भी विकसित कर रही है, जिसके माध्यम से आनलाइन पेमेंट यात्री कर सकेंगे, तो उन्हें घर बैठे बसों की स्थित का ज्ञान भी हो जाएगा। एप पर समय सारिणी भी उपलब्ध कराई जाएगी। आरएम मनोज पुंडीर ने बताया कि नई एजेंसी से अनुबंध हो गया है। जल्द ही मशीनें आ जाएंगी, जिससे मैन्युअल टिकट बनाने की व्यवस्था समाप्त होगी। नई मशीनें, पुरानी मशीनों से तकनीक में बेहतर हैं। 

Edited By: Tanu Gupta