यह एक आर्काइव लेख है, जिसे May 16, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
एयरपोर्ट के सीवेज और वॉटर ट्रीटमेंट प्लांट का सिविल कार्य पूरा, इस तारीख तक होगा तैयार
नोएडा अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे पर सीवेज और वॉटर ट्रीटमेंट प्लांट का सिविल कार्य लगभग पूरा हो गया है। 25 जून ...और पढ़ें

HighLights
- 25 जून तक प्लांट होंगे तैयार।
- आपातकालीन निकास का कार्य पूरा।
- सुरक्षा मानकों की जांच जारी।
जागरण संवाददाता, ग्रेटर नोएडा। नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट जुलाई में संचालन के लिए तैयार हो जाएगा। एयरपोर्ट पर सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट व वाटर ट्रीटमेंट प्लांट का सिविल कार्य तकरीबन पूरा हो चुका है। ट्रीटमेंट प्लांट में लगने के लिए मशीनें एयरपोर्ट साइट पर पहुंच चुकी हैं।
25 जून तक दाेनों प्लांट संचालन के लिए तैयार हो जाएंगे। एयरपोर्ट की विकासकर्ता कंपनी यमुना इंटरनेशनल एयरपाेर्ट प्रा. लि. वाईआईएपीएल के सीईओ क्रिस्टोफ श्नेलमैन ने शुक्रवार को नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट लि. के सीईओ डा. अरुणवीर सिंह को एयरपोर्ट की निर्माण प्रगति की रिपोर्ट दी। आपात कालीन निकास का कार्य भी पूरा हो गया है।
मुख्य सचिव मनोज कुमार सिंह ने अप्रैल में नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट की निर्माण प्रगति का जायजा लेने के साथ बचे हुए कार्य को 30 जून तक पूरा करने के निर्देश दिए थे। इसके बाद टाटा प्रोजेक्ट्स ने निर्माण कार्य की गति को बढ़ा दिया है। नियाल की ओर ने निर्माण कार्यों की लगातार निगरानी की जा रही है।
दोनों कंपनियों के सीईओ की शुक्रवार को यमुना प्राधिकरण कार्यालय में बैठक हुई। नियाल सीईओ डा. अरुणवीर सिंह ने बताया कि पांच एमएलडी क्षमता के सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट व आठ एमएलडी क्षमता के वॉटर ट्रीटमेंट प्लांट का सिविल कार्य लगभग पूरा हो गया है।
मशीन लगाने का काम शेष है। इसे 25 जून तक पूरा कर लिया जाएगा। टर्मिनल में लगने वाले विशेष प्रकार के कपड़े की 20 प्रतिशत डिलवरी हो गई है। इसे स्पेन से मंगाया गया है और मुंबई में इसकी सिलाई कराई जा रही है। कपड़े को लगाने के लिए स्पेन से लोग भी भारत आ चुके हैं।
एयरपोर्ट से आपातकालीन निकास को लेकर समस्या भी दूर हो चुकी है। एयरपोर्ट की पूर्वी दिशा में चारदीवारी के बाहर दस्तमपुर गांव की एक हजार वर्गमीटर जमीन क्रय की गई है। इस पर 142 मीटर लंबी व सात मीटर चौड़ी कच्ची सड़क बनाई जा रही है।
आपातकालीन स्थिति में इसी निकास से दमकल आदि गाड़ियों की आवाजाही होगी। भूमि को समतल करने का कार्य चल रहा है। यह एयरपोर्ट की फंक्शनल व बाहरी चारदीवारी के बाहर होगी।
ज्ञात हो कि बृहस्पतिवार को ब्यूरो ऑफ सिविल एविएशन सेफ्टी की दो सदस्यीय टीम ने सुरक्षा मानकों की जांच के लिए एयरपोर्ट का निरीक्षण किया था। 19 मई को नागर विमानन महानिदेशालय की टीम का निरीक्षण संभावित है। इसके बाद एयरोड्रोम लाइसेंस जारी होने की संभावना है।