नई दिल्ली, आइएएनएस। भारतीय टेनिस को पूरी दुनिया में एक अलग पहचान दिलााने वाली अनुभवी टेनिस स्टार सानिया मिर्जा का करियर अब ढलान की तरफ है। सानिया कलाई की चोट के कारण 2008 के बीजिंग ओलंपिक से बाहर होने के बाद तनाव से जूझ रही थीं। छह बार की डबल्स ग्रैंडस्लैम विजेता सानिया इस चोट के कारण करीब एक साल तक कोर्ट से दूर थी।

सानिया ने कहा, 'कलाई की चोट के कारण बीजिंग ओलंपिक 2008 से बाहर होने के बाद मैं करीब 3-4 महीने तक तनाव में थी। मैं ठीक हुआ करती थी और फिर मेरे आंखों में आंसू आ जाते थे। मुझे याद है कि मैं एक महीने तक खाना खाने के लिए भी बाहर नहीं आई थी। मुझे लगा कि अब मैं दोबारा टेनिस नहीं खेल पाऊंगी।'

34 साल की सानिया ने कहा कि उस समय 20 साल की खिलाड़ी के लिए यह बहुत बड़ा झटका था। उन्होंने कहा, 'मेरी कलाई की चोट गंभीर थी और मैं वापसी करने में सक्षम नहीं थी। मैं पूरी तरह से टूट गई थी। इसके बाद मेरी सर्जरी हुई और तब और ज्यादा बुरा लगने लगा जब मुझे लगा कि मैंने खुद को अपने परिवार को नीचे दिखाया है। मुझे लगा कि मैंने अपने देश का मान गिराया है क्योंकि मैं ओलंपिक से बाहर हो गई हूं।'

उस समय तनाव से जूझने के दौरान सानिया का परिवार ही उनके लिए ताकत बना, जिसने उन्हें फिर से कोर्ट पर वापसी करने और उन्हें उनका खोया हुआ आत्मविश्वास वापस दिलाया।

सानिया ने कहा, 'मेरे परिवार ने मुझे सही दिशा में पहुंचने में मदद की। मैं उससे एक साल बाद वापस आया। मैं 6-8 महीने तक टेनिस नहीं खेली। उसके बाद मैंने वापसी की और उस साल भारत में हुए कॉमनवेल्थ गेम्स में मैंने दो पदक जीते। यह आपको यह दिखाता है कि अगर आप मानसिक रूप से सही होते हैं तो आपका परिवार आपकी मदद करती है।'