आर्टिकल इंसान ने लिखा है या AI ने? इन दो फ्री टूल्स से चुटकियों में पकड़ें रोबोटिक राइटिंग पैटर्न्स
कंटेंट इंसान ने लिखा है या AI ने, इसकी पहचान करना अब काफी आसान हो गया है। बिना किसी चार्ज ...और पढ़ें

इन दो फ्री टूल्स से मिनटों में चेक करें कि कंटेंट असली है या AI का कमाल। Photo- ChatGPT.
टेक्नोलॉजी डेस्क, नई दिल्ली। AI से लिखा गया टेक्स्ट पहचानना अब सिर्फ यूनिवर्सिटीज या कंपनियों तक ही सीमित नहीं रह गया है। राइटर्स और कंटेंट क्रिएटर्स भी अब ये चेक करना चाहते हैं कि कहीं उनका लिखा हुआ रोबोटिक तो नहीं लग रहा। इसी जरूरत को देखते हुए डिजाइनर्स और प्रोग्रामर्स ऐसे टूल्स तैयार कर रहे हैं जो टेक्स्ट में मौजूद AI पैटर्न्स को आसानी से पकड़ लेते हैं।
पकड़ लेगा 38 तरह के AI पैटर्न्स
फास्ट कंपनी की एक रिपोर्ट के मुताबिक, प्रोग्रामर साइमन विलिसन ने 28 अगस्त को 'LLM Cliché Highlighter' टूल रिलीज किया है। इसमें टेक्स्ट पेस्ट करने या किसी पूरे आर्टिकल का लिंक डालने पर ये AI राइटिंग से जुड़े 38 तरह के क्लूज को सर्च करता है। इस टूल में संदिग्ध वाक्यों को एक अलग कलर में हाइलाइट किया जाता है और ये साफ बताता है कि टेक्स्ट में कितने सेंटेंस, मैच और खास AI पैटर्न्स पाए गए हैं।

भाषा के बदलते पैटर्न को पकड़ता है Slop Tells
ऑटोमेशन कंसल्टेंट जॉर्ज स्ट्राखोव ने 'Slop Tells' टूल बनाया है। इसकी सबसे बड़ी खूबी यह है कि ये मानकर नहीं चलता कि AI की भाषा हमेशा एक जैसी ही रहेगी। चैटबॉट्स बदलते रहते हैं, इसलिए उनके लिखने के स्टाइल और क्लूज भी बदलते हैं। ये टूल लगातार उन्हें री-चेक करता रहता है। इसे तीन अलग-अलग तरह के टेक्स्ट का इस्तेमाल करके तैयार किया गया है।
