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वास्तु दोष को जड़ से खत्म करती है 'पंचमुखी हनुमान जी' की मूर्ति, होते हैं चमत्कारी फायदे

Published: Fri, 17 Jul 2026 12:30 PM (IST)

घर के मुख्य द्वार पर पंचमुखी हनुमान जी की मूर्ति लगाने से नकारात्मक ऊर्जा नष्ट होती है और सुख-समृद्धि का ...और पढ़ें

पंचमुखी हनुमान जी देते हैं बल, बुद्धि और विद्या।  (Picture Credit- AI Generated)

पंचमुखी हनुमान जी देते हैं बल, बुद्धि और विद्या। (Picture Credit- AI Generated)

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धर्म डेस्क, नई दिल्ली। अपने घर को सभी नकारात्‍मक ऊर्जाओं से बचाने का प्रयास तो हर कोई करता है। वास्‍तु शास्‍त्र में भी इसके लिए कई उपाय बताए गए हैं, मगर यह बात कम ही लोग जानते हैं कि घर के मुख्‍य द्वार पर 'पंचमुखी हनुमान' जी की प्रतिमा लगाने चमत्‍कारी लाभ पाए जा सकते हैं।

जी हां, वास्‍तु शास्‍त्र के अनुसार अगर आप अपने घर के मुख्‍य द्वार पर पंचमुखी हनुमान जी का चित्र, प्रतिमा या मूर्ती, कुछ भी लगा लेते हैं, तो आपके घर में नकारात्‍मक ऊर्जा कभी प्रवेश नहीं कर सकती है। चलिए हम आपको ऐसे चमत्‍कारी फायदों के बारे में बताते हैं, जिनका वर्णन वास्‍तु शास्‍त्र में मिलता है।

पांच दिशाएं हो जाती हैं सुरक्षित

पंचमुखी हनुमान जी के पांच मुख होते हैं। यह पांच दिशाओं को अपनी ऊर्जा से सुरक्षित बना देते हैं। वास्तु के अनुसार पूर्व दिशा में हनुमान जी शत्रुओं का नाश करते हैं, दक्षिण दिशा में भय से रक्षा करते हैं, पश्चिम दिशा में विष घोलने वालों को नष्ट करते हैं, उत्तर में घर में सुख और समृद्धि लेकर आते हैं और ऊर्ध्व दिशा में घर के सदस्यों को बल, बुद्धि और विद्या देते हैं।

नजरदोष से बचाते है

वास्तु में सबसे खराब दोष नजरदोष माना गया है। यदि आपको लगता है कि आपके पड़ोसी आपसे ईर्ष्या का भाव रखते हैं, तो आपको अपने मुख्य द्वार पर पंचमुखी हनुमान जी की प्रतिमा लगाने में देर नहीं करनी चाहिए, क्योंकि इससे घर को नजरदोष से बचाया जा सकता है।

panchmukhi hanuman facing direction

यह दिशा है सबसे उचित

पंचमुखी हनुमान जी की प्रतिमा या चित्र को घर के मुख्‍य द्वार के बाहर लगाना, वास्‍तु के हिसाब से सबसे अच्‍छा बताया गया है। पंचमुखी हनुमान जी में बहुत ऊर्जा होती है, इस ऊर्जा के लिए मुख्‍य द्वार की दक्षिण दिशा सबसे अच्‍छी मानी गई है। यहां आप पंचमुखी हनुमान जी का चित्र या प्रतिमा आदि लगा सकते हैं, इससे घर में नकारात्‍मक ऊर्जा प्रवेश नहीं हो पाएगा।

ध्‍यान रखने वाली बातें

वास्तु के हिसाब से कभी भी पंचमुखी हनुमान जी की प्रतिमा को शौचालय, बेडरूम या फिर लिविंग रूम में नहीं लगाना चाहिए। इसकी सबसे बड़ी वजह यह है कि, ऐसा करने पर पंचमुखी हनुमान जी की प्रतिमा का सारा तेज व्यर्थ हो जाता है। साथ ही इसे अशुभ भी माना जाता है।

अतः अगर आपको घर के वास्तु को शक्तिशाली बनाना है, तो आज ही घर के मुख्यद्वार पर आप पंचमुखी हनुमान जी की प्रतिमा लगा सकती हैं।

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अस्वीकरण: इस लेख में बताए गए उपाय/लाभ/सलाह और कथन केवल सामान्य सूचना के लिए हैं। दैनिक जागरण तथा जागरण न्यू मीडिया यहां इस लेख फीचर में लिखी गई बातों का समर्थन नहीं करता है। इस लेख में निहित जानकारी विभिन्न माध्यमों/ज्योतिषियों/पंचांग/प्रवचनों/मान्यताओं/धर्मग्रंथों/दंतकथाओं से संग्रहित की गई हैं। पाठकों से अनुरोध है कि लेख को अंतिम सत्य अथवा दावा न मानें एवं अपने विवेक का उपयोग करें। दैनिक जागरण तथा जागरण न्यू मीडिया अंधविश्वास के खिलाफ है।