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Shani Dev: शनिवार के दिन अगर दिख जाएं ये चीजें, तो समझिए बरसने वाली है शनिदेव की कृपा

हिंदू मान्यताओं के अनुसार शनिदेव को कर्मफल दाता कहा जाता है। ऐसा माना जाता है कि किसी व्यक्ति पर शनि महाराज की टेढ़ी दृष्टि पड़ जाए तो उस व्यक्ति के मुश्किल दिन शुरू हो जाते हैं वहीं यदि किसी व्यक्ति से शनिदेव प्रसन्न होते हैं तो उसे जीवन में कुछ संकेत दिखाई देने लगते हैं। तो चलिए जानते हैं कि वह संकेत कौन-से हैं।

By Suman Saini Edited By: Suman Saini Fri, 21 Jun 2024 09:00 PM (IST)
Shani Dev blessings Signs: शनिवार के दिन इन चीजों का दिखना माना जाता है शुभ

धर्म डेस्क, नई दिल्ली। हिंदू मान्यताओं के अनुसार शनि देव की कृपा प्राप्ति के लिए शनिवार का दिन समर्पित माना जाता है। ऐसे में ज्योतिष मान्यताओं के अनुसार, यदि शनिवार के दिन आपको ये चीजें दिखाई देती हैं, तो इसका अर्थ है कि आपके ऊपर शनि देव की कृपा बनी हुई है। जिससे आपको जीवन की कई समस्याओं से निजात मिल सकती है।

पूर्ण होती है हर मनोकामना

अगर आपको शनिवार के दिन कोई भिखारी नजर आता है, या फिर भिखारी आपके पास आकर कुछ मांगता है, तो यह भी शनि देव की कृपा का संकेत हो सकता है। ऐसे में कभी भी उसे खाली हाथ नहीं भेजना चाहिए। उसे अपनी क्षमता के अनुसार कुछ-न-कुछ जरूर देना चाहिए। ऐसा करने से शनिदेव आपसे प्रसन्न होते हैं और आपकी हर मनोकामना पूर्ण करते हैं।  

जब दिखाई दें ये जानवर

ऐसा माना जाता है कि यदि शनिवार के दिन किसी व्यक्ति को कौवा दिखाई देता है, तो यह उस व्यक्ति के लिए एक शुभ संकेत हो सकता है। क्योंकि कौए को शनि देव का वाहन माना गया है। इसी प्रकार शनिवार के दिन काले कुत्ते का दिखाई देना भी अच्छा संकेत माना जाता है। ऐसे में उसे तेल लगी रोटी जरूर खिलाएं। ऐसा करने से केतु-दोष से से आपको राहत मिल सकती है।

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बनने लगेंगे सभी कार्य

हिंदू धर्म में गाय को बहुत ही शुभ और पूजनीय माना जाता है। ऐसी स्थिति में यदि शनिवार के दिन काली गाय आपके द्वार पर आती है, तो यह भी शनि देव की कृपा प्राप्ति का संकेत हो सकता है। ऐसे में गाय को रोटी जरूर खिलाएं। इससे व्यक्ति को जरूरी कार्य में सफलता मिलने लगती है।

अस्वीकरण: इस लेख में बताए गए उपाय/लाभ/सलाह और कथन केवल सामान्य सूचना के लिए हैं। दैनिक जागरण तथा जागरण न्यू मीडिया यहां इस लेख फीचर में लिखी गई बातों का समर्थन नहीं करता है। इस लेख में निहित जानकारी विभिन्न माध्यमों/ज्योतिषियों/पंचांग/प्रवचनों/मान्यताओं/धर्मग्रंथों/दंतकथाओं से संग्रहित की गई हैं। पाठकों से अनुरोध है कि लेख को अंतिम सत्य अथवा दावा न मानें एवं अपने विवेक का उपयोग करें। दैनिक जागरण तथा जागरण न्यू मीडिया अंधविश्वास के खिलाफ है।