Papankusha Ekadashi 2026: 21 या 22 अक्टूबर, कब है व्रत? नोट कर लें सही डेट और शुभ मुहूर्त
आश्विन माह की पापांकुशा एकादशी का व्रत 22 अक्टूबर 2026 को रखा जाएगा, जिसका पारण 23 अक्टूबर को होगा। इस ...और पढ़ें

पापांकुशा एकादशी व्रत से दूर होंगे सभी पाप (Picture Credit: AI Generated)
HighLights
पापांकुशा एकादशी व्रत 22 अक्टूबर 2026 को है।
भगवान विष्णु पूजा से पापों से मुक्ति और समृद्धि।
व्रत पारण 23 अक्टूबर को सुबह 6:27 से 8:42 तक।
धर्म डेस्क, नई दिल्ली। वैदिक पंचांग के अनुसार, आश्विन माह के शुक्ल पक्ष में पापांकुशा एकादशी (Papankusha Ekadashi 2026) का व्रत किया जाता है। हिंदू धर्म में इस एकादशी का विशेष महत्व माना गया है। इस दिन भगवान विष्णु और मां लक्ष्मी की पूजा-अर्चना करने का विधान है।
धार्मिक मान्यता के अनुसार, श्रीहरि की पूजा और व्रत करने से व्यक्ति को सभी पापों से छुटकारा मिलता है और सुख-समृद्धि में वृद्धि होती है। ऐसे में आइए इस आर्टिकल में आपको विस्तार से बताते हैं कि आश्विन माह में पापांकुशा एकादशी का व्रत कब किया जाएगा और इसके शुभ मुहूर्त क्या हैं।
पापांकुशा एकादशी 2026 डेट और शुभ मुहूर्त (Papankusha Ekadashi 2026 Date and Shubh Muhurat)
वैदिक पंचांग के अनुसार, आश्विन माह के शुक्ल पक्ष की एकादशी तिथि की शुरुआत 21 अक्टूबर को सुबह 2 बजकर 11 मिनट पर होगी। वहीं, इस तिथि का समापन 22 अक्टूबर को दोपहर 2 बजकर 47 मिनट पर होगा। उदया तिथि के अनुसार, पापांकुशा एकादशी का व्रत 22 अक्टूबर को किया जाएगा और अगले दिन व्रत का पारण किया जाएगा।
अन्य शुभ मुहूर्त
ब्रह्म मुहूर्त: सुबह 04 बजकर 52 मिनट से 05 बजकर 42 मिनट तक
विजय मुहूर्त: दोपहर 02 बजकर 10 मिनट से 02 बजकर 56 मिनट तक
गोधूलि मुहूर्त: शाम 05 बजकर 59 मिनट से 06 बजकर 24 मिनट तक
निशिता मुहूर्त: रात्रि 11 बजकर 51 मिनट से 12 बजकर 41 मिनट तक
पापांकुशा एकादशी 2026 व्रत पारण टाइम (Papankusha Ekadashi 2026 Vrat Paran Time)
एकादशी व्रत का पारण द्वादशी तिथि पर किया जाता है। 23 अक्टूबर को व्रत पारण का समय सुबह 6 बजकर 27 मिनट से 8 बजकर 42 मिनट तक है। इस समयावधि में व्रत का पारण किया जा सकता है।
इन चीजों का करें दान
पापांकुशा एकादशी के दिन दान करने का विशेष महत्व है। इस दिन मंदिर या जरूरतमंद लोगों को अन्न, वस्त्र और धन आदि चीजों का दान जरूर करें। धार्मिक मान्यता के अनुसार, इन चीजों का दान करने से सुख-समृद्धि में वृद्धि होती है और धन लाभ के योग बनते हैं। साथ ही जीवन में किसी चीज की कोई कमी नहीं रहती है।
पापांकुशा एकादशी के दिन न करें ये काम
- एकादशी के दिन भूलकर भी चावल का सेवन नहीं करना चाहिए।
- इसके अलावा लहसुन, प्याज, मांस और मदिरा का सेवन बिल्कुल न करें।
- क्रोध न करें और किसी से झगड़ा या अपशब्दों का प्रयोग करने से बचें।
- घर में गंदगी न रखें, साफ-सफाई का विशेष ध्यान रखें।
- एकादशी के दिन बाल, दाढ़ी और नाखून काटने की सख्त मनाही है।
यह भी पढ़ें- चातुर्मास में कब कौन-सी एकादशी है? अभी नोट करें देवशयनी से देवउठनी तक की सही डेट
यह भी पढ़ें- Papankusha Ekadashi 2026: कब और क्यों मनाई जाती है पापांकुशा एकादशी? यहां पढ़ें धार्मिक महत्व
अस्वीकरण: इस लेख में बताए गए उपाय/लाभ/सलाह और कथन केवल सामान्य सूचना के लिए हैं। दैनिक जागरण यहां इस लेख फीचर में लिखी गई बातों का समर्थन नहीं करता है। इस लेख में निहित जानकारी विभिन्न माध्यमों/ज्योतिषियों/पंचांग/प्रवचनों/मान्यताओं/धर्मग्रंथों/दंतकथाओं से संग्रहित की गई हैं। पाठकों से अनुरोध है कि लेख को अंतिम सत्य अथवा दावा न मानें एवं अपने विवेक का उपयोग करें। दैनिक जागरण अंधविश्वास के खिलाफ है।
