अब स्त्रियों को पोस्ट मेनोपॉज दौर में वजाइनल ड्राईनेस जैसी समस्या से निजात मिल सकती है। बोस्टन की एंडोक्राइन सोसाइटी द्वारा जारी एक रिपोर्ट में कहा गया है कि लो-डोज वजाइनल एस्ट्रोजन कैप्सूल्स से ऐसा संभव है। यूएस और केनेडा में अभी इसके ट्रायल्स चल रहे हैं। ज्यादातर ऑब्जेक्ट्स में इनका सफल परीक्षण किया गया है। इन कैप्सूल्स के साइड इफेक्ट्स भी अन्य दवाओं की तुलना में कम पाए गए। माना जा रहा है कि इनके इस्तेमाल से वजाइनल इचिंग और इरिटेशन जैसी समस्याओं से भी मुक्ति मिल सकती है। -मैं कॉलेज छात्रा हूं। मेरी उम्र 19 साल है। कुछ समय पहले मैं बेहद बुरे अनुभव से गुजरी। मैं बुखार से परेशान थी और मम्मी-पापा बाहर गए थे। उसी बीच हमारे एक रिश्तेदार आए। उन्होंने मुझे दवा दी। इससे मुझे नींद सी आने लगी। कुछ समय बाद मुझे ऐसा लगा कि वह मेरे साथ गलत हरकतें कर रहे हैं। मैंने नींद में ही उनका विरोध किया और पूरा जोर लगा कर चीखी। इससे वह डर कर बाहर निकल गए। तब से मैं बहुत परेशान हूं। यह बात पेरेंट्स को नहीं बताना चाहती कि कहीं वह मुझे ही दोष न दें। उन्होंने मुझे इस तरह जकड रखा था कि मेरे हाथों, गर्दन और ब्रेस्ट के आसपास खरोंचें आर्ईं। ब्रेस्ट में हलकी सूजन और दर्द भी हुआ। तब से कई बार ब्रेस्ट वाले हिस्से में तेज दर्द होता है। क्या मुझे किसी डॉक्टर को दिखाना चाहिए? कृपया मुझे जल्दी समाधान बताएं। क्या मुझे पेरेंट्स को बताना चाहिए? ए.जी., सहारनपुर मुझे जानकर दुख हुआ कि आपने इतनी कम उम्र में यह सब झेला और वह भी निकटस्थ रिश्तेदार से। मेरी सलाह है कि आप इस घटना की जानकारी माता-पिता को दें। इसमें डरने या घबराने की जरूरत नहीं है क्योंकि गलती आपकी नहीं है। आपके बताने से पेरेंट्स सजग हो जाएंगे और ऐसे व्यक्तियों के घर आने-जाने पर पाबंदी लग सकेगी। चोट या खरोंचों पर एंटीसेप्टिक क्रीम लगाएं। ब्रेस्ट में लगातार सूजन या दर्द है तो किसी सर्जन से सलाह लें। यह जान लें कि इस बारे में अभिभावकों को न बताने पर रिश्तेदार को बढावा मिलेगा। भविष्य में ऐसे अनुभवों से नहीं गुजरना चाहतीं तो तुरंत माता-पिता को इस बारे में बताएं। जो हुआ, उसे एक बुरा सपना समझ कर भूल जाएं और आगे बढें। -मेरी उम्र 55 साल है। एक साल पहले मुझे हार्ट अटैक आया था, इसके बाद बाईपास सर्जरी हुई। अब धीरे-धीरे सामान्य जीवन में लौट रहा हूं। जानना चाहता हूं कि क्या इस तरह की समस्या में सेक्स संबंधों से कोई परेशानी हो सकती है? मुझे क्या सावधानियां रखनी चाहिए? पी.डी., बरेली बाईपास सर्जरी के कुछ समय बाद आमतौर पर मरीज सामान्य दिनचर्या में लौट जाते हैं, जिसमें सेक्सुअल क्रिया भी शामिल है। आपने यह नहीं लिखा है कि क्या आपको इरेक्शन से जुडी कोई समस्या भी है? अगर आप यूरोलॉजिस्ट की सलाह से दवा ले रहे हों तो एक बार कार्डियोलॉजिस्ट की राय भी लें कि दोनों तरह की दवाएं साथ ली जा सकती हैं या नहीं। आप सेक्सुअल क्रिया फिर शुरू कर सकते हैं लेकिन ध्यान रखें कि इसमें एक्साइटमेंट घातक हो सकता है। आराम और सुकून आपके लिए जरूरी है। आपके लिए कंफर्टेबल पोजिशन ठीक रहेगी। -मेरी उम्र 30 साल है। दो साल की बेटी है। डिलिवरी नॉर्मल हुई है। मेरी प्रेग्नेंसी के दौरान पति का ट्रांस्फर दूसरे शहर में हो गया था। सास-ससुर उम्रदराज हैं, इस वजह से मैं उन्हीं के साथ रुक गई। न जाने क्यों ऐसा लगता है, इन दो वर्षों में पति मुझसे काफी दूर चले गए हैं। मेरी सेक्स लाइफ खत्म हो गई है। उन्हें स्मोकिंग की लत हो गई है। घर आते हैं, तो मैं चाहती हूं कि उनके साथ वक्त बिताऊं मगर वह पेरेंट्स या दोस्तों में व्यस्त रहते हैं। रात में भी देर से घर लौटते हैं। मुझे समझ नहीं आता कि ऐसा क्यों हो रहा है जबकि हमारी शादी को पांच ही साल हुए हैं। कई बार मैंने उनसे बात करने की कोशिश की लेकिन वह थकान की बात करते हुए सो जाते हैं। मैं परेशान हूं और कई बार बच्ची पर गुस्सा उतार देती हूं, जो सही नहीं है। मुझे क्या करना चाहिए? आर.के., सीतापुर आपकी समस्या पति से दूर होना है। पति की सेक्स में अरुचि स्मोकिंग, लंबे समय तक सेक्स क्रिया से दूर रहने या आपके प्रति आकर्षण में कमी के कारण संभव है। यह भी हो सकता है कि उनकी सेहत ठीक नहीं हो। इस पर बातचीत से ही समस्या का हल निकलेगा। अगर समस्या माता-पिता की देखभाल से जुडी है तो पति के साथ रहते हुए भी आप उन्हें रख सकती हैं। मेरी यही सलाह है कि अलग न रहें। मैं आपकी कुंठा समझ सकता हूं लेकिन इसका असर बच्ची पर न आने दें क्योंकि उसका कोई दोष नहीं है। सास-ससुर से भी बात करें कि आप पति के साथ रहना चाहती हैं। उनके जरिये भी पति तक यह बात पहुंचा सकती हैं। -मेरी उम्र 27 साल है। 8 महीने की बेटी है। बेटी के जन्म के बाद मैंने कॉपर टी लगवाया लेकिन इसके बाद मुझे पीरियड्स और सेक्स संबंधों के दौरान दर्द होने लगा। कई बार हेवी ब्लीडिंग होती है। इसे लगवाने के बाद हमारी सेक्स लाइफ ही खत्म हो गई है। मैं पिल्स नहीं लेना चाहती क्योंकि इनसे मुझे समस्या होती है। डॉक्टर का कहना है कि धीरे-धीरे समस्या दूर हो जाएगी मगर चार महीने बाद ही समस्या वैसी ही है। मुझे क्या करना चाहिए? ए.एम., मुरादाबाद आप कॉपर टी निकलवा लें। पति से कॉण्डोम का इस्तेमाल करने को कहें। अनचाही प्रेग्नेंसी से बचने का यह सुरक्षित माध्यम है। आप फीमेल बैरियर लगवा सकती हैं या इंजेक्टेबल कंट्रासेप्टिव इस्तेमाल कर सकती हैं। कई अन्य गर्भ निरोधक उपाय हैं लेकिन ये शत-प्रतिशत सफलता का दावा नहीं करते। फैमिली पूरी होने तक आप ये उपाय अपना सकती हैं। दो बच्चों के बाद आप या आपके पति नसबंदी करवा सकते हैं।