विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

जयपुर: 9 साल की अमायरा के साथ क्लास में क्या-क्या हुआ था? सामने आया मौत से पहले का CCTV फुटेज

Published: Fri, 10 Jul 2026 10:17 AM (IST)

जयपुर के नीरजा मोदी स्कूल में 9 साल की छात्रा अमायरा की मौत के मामले में नए CCTV फुटेज सामने ...और पढ़ें

HighLights

  1. जयपुर की स्कूली छात्रा के आत्महत्या पहले का नया CCTV फुटेज आया सामने

  2. अमायरा ने बार-बार अपनी टीचर से मदद मांगी, लेकिन नहीं मिली थी मदद

  3. पिछले साल नवंबर में स्कूल की इमारत से गिरने से हो गई थी जयपुर की छात्रा की मौत।

डिजिटल डेस्क, जयपुर। नीरजा मोदी स्कूल में चौथी क्लास की नौ साल की छात्रा अमायरा की मौत के मामले में नए CCTV फुटेज ने एक बार फिर से कई गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। अमायरा पिछले साल 1 नवंबर को स्कूल की बिल्डिंग की चौथी मंजिल से गिर गई थी। CCTV फुटेज के मुताबिक, अमायरा शांत और बिल्कुल सामान्य हालत में अपनी क्लास में आई थी।

उसने अपनी एक दोस्त का अभिवादन किया और बाद में डांस क्लास में दूसरे बच्चों के साथ मिलकर सक्रिय रूप से हिस्सा लिया। हालांकि, क्लास में लौटने पर फुटेज में कुछ बच्चों को डिजिटल स्लेट का इस्तेमाल करते हुए देखा जा सकता है।

बताया जाता है कि अमायरा को बार-बार वह स्लेट दिखाई गई, जिसके बाद उसके व्यवहार में साफ बदलाव नजर आया। वह बेचैन और असहज दिखने लगी और स्कूल के काम से भी कटने लगी।

टीचर की अनदेखी और बढ़ती बेचैनी

फुटेज में अमायरा को लगभग एक घंटे के दौरान कई बार अपनी क्लास टीचर के पास जाते हुए देखा जा सकता है। परिवार के मुताबिक, वह हर बार यह बताने की कोशिश कर रही थी कि उसे क्या परेशानी हो रही है।

लेकिन, फुटेज से पता चलता है कि जब भी वह टीचर के पास जाती कोई अन्य छात्र वहां आकर बात करने लगता, जिससे अमायरा की शिकायत से ध्यान हट जाता था। अमायरा को अलग ले जाकर उसकी बात सुनने के बजाय, क्लास की कार्यवाही चलती रही और टीचर द्वारा उसे बार-बार उसकी सीट पर वापस भेज दिया जाता था।

फुटेज में घटनाओं के क्रम के साथ अमायरा की बेचैनी बढ़ती हुई दिखाई देती है। उसे अपनी बात समझाने की कोशिश में हाथ जोड़ते देखा जा सकता है। एक समय पर वह अपना मुंह और फिर अपना सिर ढक लेती है, जिसे परिवार सदमे की साफ प्रतिक्रिया बता रहा है। आरोप है कि क्लास टीचर का रवैया सख्त था, और अमायरा अपनी बात सुनाने की नाकाम कोशिश में पूरी तरह बेबस दिख रही थी।

परिवार की सख्त कार्रवाई की मांग

इस घटनाक्रम के कुछ ही देर बाद, फुटेज में अमायरा को अकेले क्लास से बाहर जाते हुए देखा जा सकता है। वह तेज़ी से कॉरिडोर से गुजरी और सीढ़ियों की ओर गई। ग्राउंड फ्लोर से चौथी मंजिल तक जाते समय कोई भी स्टाफ मेंबर उसे रोकता या उसके पीछे जाता हुआ नहीं दिखा।

1 नवंबर को वह चौथी मंजिल की रेलिंग से लगभग 48 फीट नीचे गिर गई। उसे तुरंत पास के अस्पताल ले जाया गया, जहां पहुंचते ही डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।

अमायरा के परिवार ने पुलिस पर उचित कार्रवाई न करने का आरोप लगाया है। उनकी मांग है कि जुवेनाइल जस्टिस एक्ट के तहत न सिर्फ क्लास टीचर, बल्कि स्कूल के प्रिंसिपल और चेयरमैन के खिलाफ भी सख्त प्रावधानों के तहत मामला दर्ज किया जाए।

CBSE की रिपोर्ट में बुलिंग और लापरवाही का खुलासा

पिछले साल, घटना के अगले दिन दो सदस्यों वाली इंस्पेक्शन कमेटी के दौरे के बाद सेंट्रल बोर्ड ऑफ़ सेकेंडरी एजुकेशन ने नीरजा मोदी स्कूल को कारण बताओ नोटिस जारी किया था।

बोर्ड ने छात्रों की सुरक्षा को लेकर स्कूल के सिस्टम और तौर-तरीकों की कमियों की ओर इशारा किया था। कमेटी ने पाया कि अमायरा, जिसका क्लासरूम ग्राउंड फ्लोर पर था, गिरने से पहले स्टाफ की नजर में आए बिना चौथी मंजिल तक पहुंच गई थी।

CBSE ने अपनी रिपोर्ट में कहा कि अमायरा को पिछले 18 महीनों से सहपाठियों द्वारा परेशान किया जा रहा था और उसे अपशब्द कहे गए थे। रिपोर्ट के मुताबिक क्लास टीचर पुनीता शर्मा ने इस मामले में अमायरा और उसके माता-पिता की शिकायतों को बार-बार नजरअंदाज किया।

रिपोर्ट में बताया गया है कि सितंबर में, जब एक लड़के ने अमायरा को परेशान किया, तो उसके पिता क्लास टीचर के पास गए थे। हालांकि, टीचर ने यह कहकर बात टाल दी कि उस छात्र को दूसरे बच्चों के साथ घुलने-मिलने की जरूरत है।

कमेटी ने अमायरा के शिक्षकों, सहपाठियों और माता-पिता के बयानों को भी दर्ज किया है, जिनमें यह स्पष्ट कहा गया था कि नीरजा मोदी स्कूल में अमायरा एक होशियार, मिलनसार, खुशमिजाज छात्रा और एक ऑल-राउंडर थी।

यह भी पढ़ें- जयपुर: सरकारी नौकरी के लिए युवती ने करा दी मां की हत्या, सात गिरफ्तार

यह भी पढ़ें- जयपुर में बेकाबू ट्रेलर की चपेट में आए चार लोग, पिता और तीन बेटों की एक साथ उठी अर्थी