हत्या वाले दिन बंद था जेल के भीतर का CCTV कैमरा, डकैत जगन गुर्जर हत्याकांड में बड़ा खुलासा
अजमेर जेल में कुख्यात डकैत जगन गुर्जर की हत्या के मामले में बड़ा खुलासा हुआ है। पुलिस ने हाईकोर्ट को ...और पढ़ें

डकैत जगन गुर्जर हत्याकांड में चौंकाने वाला खुलासा

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डिजिटल डेस्क, जयपुर। राजस्थान की अजमेर स्थित हाई सिक्योरिटी वाले जेल में कुख्यात चंबल डकैत जगन गुर्जर (52) की हत्या के मामले में एक चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। पुलिस ने राजस्थान हाई कोर्ट को बताया कि जिस दिन (29 जून को) जगन गुर्जर की हत्या हई, इस दिन जेल की कोठरी के बाहर लगा सीसीटीवी कैमरा तकनीकी खराबी की वजह से बंद था।
ज्ञात हो कि जगन गुर्जर पर 100 से अधिक पुलिस मामले दर्ज थे, 52 वर्षीय गुर्जर की हत्या 29 जून को जेल में उसके साथी कैदी विष्णु ने गला घोंटकर कर दी थी।
हाई कोर्ट ने मांगी थी रिपोर्ट
इस घटना के बाद राजस्थान हाई कोर्ट ने स्वतः संज्ञान लेते हुए कैदियों की सुरक्षा और जेलों में सीसीटीवी कवरेज की स्थिति के बारे में गंभीर सवाल उठाए। कोर्ट ने डकैत जगन गुर्जर हत्याकांड मामले की रिपोर्ट पुलिस से मांगी थी और घटना से जुड़े कैमरों की रिकार्डिंग भी प्रस्तुत करने के निर्देश दिए थे।
तकनीकी कारण से बंद था सीसीटीवी कैमरा
जेल प्रशासन की रिपोर्ट के अनुसार, जिस बैरक में डकैत जगन की हत्या हुई थी, उसके पास लगा सीसीटीवी कैमरा 24 जून को सुबह 9:16 बजे तकनीकी खराबी के कारण बंद हो गया था। इसमें यह भी कहा गया है कि जेल परिसर में 319 कैमरे हैं, जिनमें से 61 काम नहीं कर रहे हैं और लगभग 20 अन्य कैमरे यूपीएस या बिजली की समस्याओं के कारण बार-बार ऑफलाइन हो जाते हैं।
बार-बार बताने के बाद भी नहीं बनवाया गया कैमरा
जेल प्रशासन ने बताया कि मार्च से जून के बीच 'सूचना प्रौद्योगिकी और संचार विभाग' को कैमरे, यूपीएस यूनिट और मॉनिटर की खराबी के संबंध में 10 बार पत्र लिखे गए, लेकिन इसके बावजूद तकनीकी समस्याओं को दुरुस्त नहीं किया गया।
यहां तक कि 30 जून को भी अधीक्षक ने विभाग को सूचित किया था कि कैमरे अभी भी खराब हैं और कोई सुधारात्मक कदम नहीं उठाए गए हैं। मामले की गंभीरता को देखते हुए 24 अगस्त को हुई सुनवाई के दौरान हाई कोर्ट ने सीसीटीवी सिस्टम की तत्काल मरम्मत कराने का कड़ा निर्देश दिया।
29 जून को हुई थी हत्या
गौरतलब है कि बीते 29 जून को अजमेर की हाई सिक्योरिटी जेल में बंद पूर्व दस्यु जगन गुर्जर की हत्या कर दी गई थी। ये हत्या जगन वाली बैरक में बंद बहुचर्चित कुलदीप जघीना हत्याकांड के आरोपी विष्णु द्वारा गमछे से गला दबाकर की गई।
जगन गुर्जर ने 2008 में राजस्थान की तत्कालीन मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे के आवास को उड़ाने की धमकी देकर राष्ट्रीय स्तर पर सुर्खियां बटोरी थीं।
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