जतिदर गोल्डी, पट्टी

कांग्रेस हाईकमान ने पहली सूची में विधानसभा हलका पट्टी से हरमिदर सिंह गिल के नाम पर चौथी बार सहमति जताई है। गिल का इस बार पूर्व कैबिनेट मंत्री आदेश प्रताप सिंह कैरों (शिअद) के साथ जहां सामना होगा, वहीं आम आदमी पार्टी की ओर से लालजीत सिंह भुल्लर भी त्रिकोणा मुकाबला बनाने के प्रयास में है। हालांकि पट्टी से हरमिदर सिंह गिल को टिकट के लिए इस बार अधिक मेहनत नहीं करनी पड़ी, क्योंकि उनके मुकाबले कोई और प्रबल दावेदार नहीं था। पांच बार मुख्यमंत्री रह चुके प्रकाश सिंह बादल के दामाद आदेश प्रताप सिंह कैरों इस बार पट्टी से छठी बार मैदान में है। कैरों 1997, 2002, 2007, 2012 में लगातार चार बार जीत दर्ज करवाकर बादल की सरकार में तीन बार कैबिनेट मंत्री रह चुके हैं।

गौर हो कि 2007 में कैरों ने गिल को 4947 मतों से हराया था। 2012 में गिल महज 59 मतों के अंतर से कैरों से हार गए थे। 2017 में हरमिदर गिल ने 64 हजार 617 मत लेकर 56254 मत लेने वाले कैरों को 8363 मतों से हराया था। इस बार गिल चौथी बार कैरों को टक्कर देंगे। 2017 में आम आदमी पार्टी की स्थिति निराशाजनक रही थी। इस कारण पार्टी ने इस बार लालजीत सिंह भुल्लर को प्रत्याशी बनाया है। कैरों का भविष्ट दांव पर, गिल चौथी बार देंगे टक्कर

कुल मिलाकर पट्टी हलके की सीट पर जहां पूर्व मुख्यमंत्री बादल के दामाद कैरों का सियासी भविष्य दांव पर लगा है। वहीं मौजूदा विधायक गिल को अपनी जीत दोहारने लिए एड़ीचोटी का जोर लगाना पड़ रहा है। कुल मिलाकर आम आदमी पार्टी भी त्रिकोणीय मुकाबले में आने का प्रयास कर रही है।

Edited By: Jagran