गुलजार सिंह के बेटे का पंजाब पुलिस पर आरोप, 'धोखे से कराया अंतिम संस्कार'; इंसाफ मिलने तक अस्थियां न उठाने का एलान
संगरूर के दिड़बा में गुलजार सिंह आत्महत्या मामले में परिवार ने पुलिस-प्रशासन पर गुमराह कर जबरन अंतिम संस्कार कराने का आरोप लगाया है।
HighLights
परिवार ने पुलिस-प्रशासन पर गुमराह करने और जबरन अंतिम संस्कार का आरोप लगाया
गुलजार सिंह के बेटे ने वीडियो जारी कर न्याय की मांग की
न्याय मिलने तक अस्थियां न उठाने और भोग न डालने का ऐलान
जागरण संवाददाता, संगरूर। दिड़बा के गांव तूरबंजारा के गुलजार सिंह आत्महत्या मामले में एक बार फिर नया मोड़ सामने आया है। मृतक के परिवार ने वीडियो जारी कर प्रशासन व पुलिस प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए हैं।
परिवार का कहना है कि उन्हें गुमराह कर गुलजार सिंह का अंतिम संस्कार जबरदस्ती करवाया गया। परिवार ने स्पष्ट किया है कि जब तक मृतक की ओर से आत्महत्या से पहले बनाई गई वीडियो में जिन लोगों पर आरोप लगाए गए हैं, उनके खिलाफ कार्रवाई नहीं होती और परिवार को इंसाफ नहीं मिलता, तब तक वह गुलजार सिंह की अस्थियां श्मशान घाट से नहीं उठाएंगे व न ही उनकी आत्मिक शांति के लिए भोग की रस्म अदा करेंगे।
जारी वीडियो में गुलजार सिंह के पुत्र लखविंदर सिंह, प्रभजोत सिंह और सहबाज सिंह सहित उनकी मां दिखाई दे रही हैं। वीडियो में सहबाज सिंह ने कहा कि पिछले दिनों उनके परिवार के साथ बेहद दुर्भाग्यपूर्ण घटना हुई।
'आत्महत्या के लिए मजबूर किया'
उन्होंने आरोप लगाया कि उनके पिता गुलजार सिंह को आत्महत्या के लिए मजबूर किया गया था। आत्महत्या से पहले गुलजार सिंह ने एक वीडियो बनाई थी, जिसमें उन्होंने कथित तौर पर कई लोगों के नाम लिए थे।
परिवार का आरोप है कि पुलिस और प्रशासन ने उन सभी व्यक्तियों के खिलाफ कार्रवाई करने के बजाय परिवार को भरोसे में लेकर गुमराह किया और गुलजार सिंह का जबरदस्ती अंतिम संस्कार करवा दिया। परिवार का यह भी कहना है कि उन्हें अंतिम रस्में पूरी करने का अवसर तक नहीं दिया गया।
कार्रवाई न होने तक नहीं उठाएंगे अस्थियां
परिवार ने अब एलान किया है कि जब तक वीडियो में बोले गए सभी लोगों के खिलाफ कार्रवाई नहीं होती, तब तक न तो अस्थियां उठाई जाएंगी और न ही भोग डाला जाएगा।
साथ ही परिवार ने पंजाब के लोगों से अपील की है कि वे उनके साथ खड़े हों और न्याय दिलाने में सहयोग करें। गौर हो कि आज नेशनल अनुसूचित जाति आयोग के चेयरमैन किशोर मकवाना द्वारा पीड़ित परिवार से मुलाकात की जाएगी।
