जागरण संवाददाता, संगरूर

रोजगार की मांग को लेकर चार जनवरी से डीसी कार्यालय के समक्ष पक्का धरना लगाकर बैठे बेरोजगार ईटीटी टीईटी पास अध्यापकों का संघर्ष 132वें दिन में दाखिल हो गया है। दूसरी तरफ पटियाला लीला भवन में बीएसएनएल टावर पर दो बेरोजगार ईटीटी टीईटी अध्यापक 56 दिनों से डटे हुए हैं।

यूनियन के राज्य नेता शलिदर कंबोज, प्रगट मानसा, सुरिदर जलालाबाद, गुरदीप मानसा ने कहा कि मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिदर सिंह विज्ञापन जारी कर कह रहे हैं कि उन्होंने अब तक राज्य के16.25 लाख नौजवानों को रोजगार मुहैया करवाकर अच्छी नौकरियां दी हैं, लेकिन हकीकत में ऐसा नहीं है। सरकार नौकरी की मांग करने वाले अध्यापकों पर लाठीचार्ज कर झूठे मुकद्दमे दर्ज कर रही है। पटियाला में भी अध्यापक टावर पर चढ़कर संघर्ष कर रहे हैं। उनकी मांग दस हजार नौकरियों का विज्ञापन जारी करने की है।

उन्होंने कहा कि सरकार के अड़ियल रवैये के खिलाफ 17 मई को शिक्षामंत्री की कोठी का घेराव किया जाएगा। ऐसे में यदि किसी का नुकसान हुआ तो उसकी जिम्मेदारी सरकार की होगी।