संवाद सहयोगी,मोगा

पंजाब की कांग्रेस सरकार की लोक, विद्यार्थी, अध्यापक विरोधी नीतियों के खिलाफ प्रदेश कमेटी सांझा अध्यापक मोर्चा के फैसले अनुसार सोमवार को मोगा जिले के सैकड़ों अध्यापकों ने शिक्षा मंत्री का पुतला फूंककर जमकर नारेबाजी की। रोष धरने को संबोधित करते सांझा अध्यापक मोर्चा मोगा के कन्वीनर दिग्विजयपाल शर्मा, केवल ¨सह, बूटा ¨सह भट्टी ने कहा कि पंजाब की कांग्रेस सरकार समूची स्कूल शिक्षा के निजीकरण का रास्ता किया जा रहा है। इन नीतियों को लागू करके हुए आदेश लागू किए जा रहे हैं। इसी कड़ी तहत 2669 मिडल स्कूलों की मास्टर केडर तथा सीएंडवी. की 7 हजार आसामियों को खत्म किया जा रहा है। पंजाबी तथा ¨हदी जैसे महत्वपूर्ण विषय एक अध्यापक को पढ़ाने के लिए मजबूर किया जा रहा है। ऐसे तर्कहीन फैसले लेते मैट्रिक तथा सीनियर सैकेंडरी परीक्षा के 3500 परीक्षा केन्द्रों की अदला-बदली की गई है, जिससे पूरे पंजाब के स्कूल शिक्षा विभाग में अफरा-तफरी का माहौल बना हुआ है। गरीब दलित विद्यार्थियों को दूर दराज क्षेत्र परीक्षा केन्द्रों में परीक्षा देने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। परीक्षा के दिन नजदीक होने के बावजूद दहशत का माहौल शिक्षा विभाग बनाया जा रहा है। पहले ही पंजाब सरकार 800 प्राइमरी स्कूलों को बंद करने के फैसले कारण गरीब विद्यार्थियों से शिक्षा छीनने की चालें चली जा रही है। अध्यापक नेताओं ने कहा कि पंजाब की कांग्रेस सरकार की लोक विरोधी नीतियों का डटकर मुकाबला किया जाएगा तथा ऐसी लोक विरोधी नीतियों के खिलाफ लोक लहर खड़ी की जाएगी। इस अवसर पर सर्बजीत ¨सह दौधर, अमनदीप मटवानी, नायब ¨सह डाला, सिमरनजीत ¨सह, निर्मल ¨सह, सोहन ¨सह औलख, कुलदीप ¨सह, पल¨वदर ¨सह, चमकौर ¨सह, गुरमीत, मैडम ममता कौशल, प्रेम कुमार मोग , अमरदीप ¨सह मोगा, गुरमीत ¨सह,डा. गौरव शर्मा, दीपक मित्तल डरोली भाई आदि उपस्थित थे।

Posted By: Jagran

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