साहिल गर्ग, मानसा

राज्य सरकार की ओर से पेश किए गए बजट में मानसा जिले को पूरी तरह से अनदेखा कर दिया गया। हालांकि चुनाव के समय मानसा को शिक्षा व सेहत से पिछड़ा इलाका बताते हुए बार-बार यहां पर शिक्षा व सेहत के साधन पैदा करने का जिक्र किया गया था। यहां तक कि मानसा से विधायक बने डा. विजय सिगला को भी पंजाब कैबिनेट में सेहत मंत्री बनाया गया था ताकि वह अपने एरिया में सेहत का सुधार कर सकें, लेकिन राज्य सरकार ने उनको भ्रष्टाचार के मामले में उन्हें मंत्री पद से हटा दिया। इसके बाद मानसा के लोगों को उम्मीद थी कि उनको बजट में कुछ मिलेगा, लेकिन ऐसा कुछ नहीं हुआ। हालांकि मानसा के लोग यहां पर बार-बार एक मल्टीस्पेशिलिटी अस्पताल बनाने के अलावा कैंसर अस्पताल की मांग कर रहे हैं। उधर, राज्य की आम आदमी पार्टी की ओर से साल 2022-23 के लिए पेश किए गए अपने पहले बजट में जिला बठिंडा को दो नए ओवरब्रिज मिले हैं। एक ओवरब्रिज मुल्तानिया रोड पर बनाया जाएगा तो दूसरा ओवरब्रिज जनता नगर में बनाया जाएगा। हालांकि इन दो ओवरब्रिज के अलावा बठिंडा और मानसा को बजट में ज्यादा प्राथमिकता नहीं दी गई, लेकिन उक्त दोनों ओवरब्रिज अगर जल्द ही बन जाते हैं तो जिले के लोगों को काफी फायदा मिलेगा।

वित्तमंत्री हरपाल चीमा ने इन दोनों ओवरब्रिज को बजट में पास करने पर कहा कि जब वह बठिडा दौरे पर गए थे तो लोगों की ओर से इनकी मांग की गई थी, जिसको अब पूरा किया गया है। शहर के सबसे पुराने मुल्तानियां ओवरब्रिज की हालत इस समय काफी खस्ता हो चुकी है, जिसकी रिपेयर पर भी करोड़ों रुपये खर्च किए जा चुके हैं। मुल्तानिया ओवरब्रिज को बनाने को लेकर लोक निर्माण विभाग ने पहले से ही योजना भी तैयार कर रखी है, जिसको अब दीवारों के बजाय पिल्लरों वाला बनाया जाना है। इसकी फाइल को पंजाब सरकार को भेजा जा चुका है, जिसको अब बजट में पास किया गया है।

इसके अलावा दूसरा ओवरब्रिज जनता नगर में बनाया जाना है। इसकी भी योजना तैयार हो चुकी है। ओवरब्रिज बनने के बाद जनता नगर की तरफ लाइनपार एरिया में रहने वाले 15 हजार से अधिक लोगों को फायदा पहुंचेगा। इसके साथ रिग रोड से घन्हैया चौक तक आने जाने का रास्ता भी आसान हो जाएगा। यह योजना बीते छह साल से कागजों में लटक रही है। इस दौरान प्रोजेक्ट में दो बार बदलाव भी किया गया। अब तीसरी बार फिर से काम शुरू हुआ है। इससे पहले 2017 में जनता नगर बठिडा-फिरोजपुर रेल लिक सरहिद कनाल पर पीडब्ल्यूडी की ओर से लगभग 3.5 करोड़ की लागत से आरजी स्टील पुल बनाने का प्रोपोजल बनाकर डीआरएम फिरोजपुर को मंजूरी के लिए भिजवाया था। वहीं प्रदेश सरकार की ओर से 2016 में 3.84 करोड़ का लो हाइट रेलवे अंडरब्रिज बनाने का एस्टीमेट तैयार किया गया था। 1.43 लाख हेक्टेयर जमीन में मिलेगा सिंचाई योग्य पानी

राज्य सरकार ने बजट में कोटला शाखा भाग-2 के तहत काम शुरू करने का ऐलान किया है। इस काम को 31 मार्च 2015 तक पूरा करने का टारगेट है। इसको बठिडा, मानसा, संगरूर व बरनाला में किया जाएगा। इसके पूरा होने के बाद इन चारों जिलों की 1.43 लाख हेक्टेयर जमीन को सिचाई योग्य पानी की सप्लाई मिलेगी।

बिजली बचाने के लिए 674 स्कूलों में लगेंगे सोलर

सरकारी स्कूलों में बिजली के खर्च को कम करने के लिए सोलर लगाने का ऐलान किया गया है। इसके तहत जिले के 674 सरकारी स्कूलों की छत पर सोलर प्लांट लगाए जाएंगे। मोहल्ला क्लीनिक.. जिले में छह सेवा केंद्रों में की जाएगी शुरूआत

राज्य में 117 मोहल्ला क्लीनिक बनाए जाने का ऐलान करने के बाद जिले में भी छह मोहल्ला क्लीनिक बनाए जाएंगे। इसके तहत बठिडा शहर के उधम सिंह नगर व खेता सिंह बस्ती के के अलावा मौड़ मंडी, तलवंडी साबो, कोटफत्ता व रामा मंडी के बंद पड़े टाइप-2 के सेवा केंद्रों में मोहल्ला क्लीनिक बनाए जाने की योजना है। बढ़ेगी हरियाली .. जिले के छह हलकों में लगाए जाएंगे तीन लाख पौधे

शहीद-ए-आज सरदार भगत सिंह हरियावल लहर शुरू की गई है। इसके तहत हर हलके में 50 हजार पौधे लगाने का टारगेट है, जिसके चलते जिले के छह विधानसभा हलकों में तीन लाख पौधे लगाए जाएंगे। इसके अलावा मानसा के भी तीन हलकों में 1.50 लाख पौधे लगाए जाएंगे। आटा-दाल योजना.. 2.20 लाख कार्ड धारकों को होम डिलिवरी का लाभ

राज्य सरकार ने बजट में आटा-दाल कार्ड धारकों को आटे की होम डिलिवरी शुरू करने का ऐलान किया है। इसके तहत जिले के 2.20 लाख कार्ड धारकों को इसका फायदा होगा। इन कार्डों के साथ लगभग जिले के 7.50 लाख लोग संबंध रखते हैं। हालांकि डिपो होल्डर सरकार की योजना का विरोध कर रहे हैं। बीड़ तालाब डेवल होने से टूरिज्म को मिलेगा बढ़ावा बजट में टूरिज्म को बढ़ावा देने का खास जिक्र किया गया है। इसके तहत सभी बीड़ों को डेवलप किया जाएगा, जिसके चलते बठिडा में भी बीड़ तालाब को डेवलप करने का काम होगा। यहां पर मिनी चिड़ियाघर भी बना हुआ है, जिसमें काफी लोगों का आना-जाना होता है। अगर यह डेवलप हो जाता है तो टूरिज्म को बढ़ावा मिलेगा।

यह मांग नहीं हुई पूरी.. बस स्टैंड अभी शहर में ही रहेगा बठिंडा शहर की लंबे समय से बस स्टैंड को बाहर लेकर जाने की लटक रही मांग इस बार भी पूरी नहीं हो पाई। बजट में बेशक जिक्र किया गया है कि राज्य में 45 नए बस स्टैंड बनाने के अलावा 61 बस स्टैंडों का नवीनीकरण किया जाएगा, लेकिन इसमें यह स्पष्ट नहीं किया गया कि नए बनने वाले बस स्टैंड में बठिडा का नाम शामिल होगा या नहीं। हालांकि कांग्रेस सरकार के समय पूर्व वित्त मंत्री मनप्रीत सिंह बादल दो बार बजट में बठिडा में नया बस स्टैंड बनाने का जिक्र कर चुके हैं, लेकिन आर्मी से एनओसी न मिलने के कारण इस पर काम शुरू नहीं हो पाया। यहां तक कि राज्य सरकार ने विधानसभा चुनाव से पहले बस स्टैंड के निर्माण को लेकर टेंडर भी लगाया था, मगर बाद में चुनाव आचार संहिता लग जाने से प्रोजेक्ट बीच में ही ठप हो गया।

Edited By: Jagran