संवाद सहयोगी, जगराओं। जगराओं में पुराने विवाद में गवाही देने से खफा हुए व्यक्तियों ने मैरिज पैलेस में घुसकर तोड़फोड़ की, मारपीट की और गोलियां चलाई। सदर रायकोट के प्रभारी इंस्पेक्टर गगनप्रीत सिंह ने बताया कि हरेंद्र सिंह निवासी गांव लोहटबद्दी ने पुलिस को दी शिकायत में कहा कि वह क्रिस्टल मैरिज पैलेस लोहटबद्दी को ठेके पर लेकर चलाता है। 11 सितंबर को वह अपने साथी अमरीक सिंह और इकबाल सिंह उर्फ लाली के साथ अपने पैलेस में दफ्तर के अंदर बैठे थे, तो रात 9:30 बजे के करीब 5 कारें इनोवा, स्विफ्ट, स्कॉर्पियो, टाटा नेक्सन तथा एक अन्य गाड़ी में सवार होकर गुरविंदर सिंह, इंद्रजीत सिंह निवासी अहमदगढ़ छन्ना,अर्शदीप सिंह उर्फ बिट्टू निवासी महल कला, गुरविंदर सिंह पुत्र रणजीत सिंह निवासी गांव फरवाही, गुरप्रीत सिंह निवासी गांव बधनी कला, जगरूप सिंह निवासी गांव कुसा थाना बधनी कला अपने साथ 19-20 अज्ञात व्यक्तियों को लेकर पैलेस में आ पंहुचे, जिनके पास विभिन्न तेजधार हथियार और डांग सोटी थी।

इंद्रजीत ने ललकारा मारते हुए कहा कि हरेंद्र सिंह को मेरे खिलाफ गवाही देने और पैलेस को ठेके पर लेने का मजा चखाना है। इसे सूखा नहीं जाने देना, इस ललकारे के बाद सभी व्यक्ति पैलेस की दीवार फांद कर जबरदस्ती पैलेस के अंदर आ गए और पैलेस में बुरी तरह से तोड़फोड़ की और मेरे साथ भी बुरी तरह से मारपीट की। गुरविंदर सिंह ने मेरे टेबल के दराज का लॉक तोड़ कर उसमें से रखे हुए 50 हजार रुपये, मेरा मोबाइल फोन छीन लिया और जाते हुए मुझे जान से मारने की धमकी देते हुए वहां से फरार हो गए। जाते हुए आरोपित पैलेस में सीसीटीवी कैमरे का डीवीआर भी वह अपने साथ उठाकर ले गए। इस संबंध में गांव के गणमान्य व्यक्तियों ने कहां कि तुम्हारा इनके साथ राजीनामा करवा देंगे।

इस झगड़े के कारण मुख्तयार सिंह, सुखविंदर सिंह ने पैलेस की सुरक्षा के लिए दो सिक्योरिटी गार्ड बलजिंदर सिंह और जसपाल सिंह को 13 सितंबर से पैलेस में तैनात करवा दिया, लेकिन 14 सितंबर को सुबह मुझे जसपाल सिंह ने बताया कि रात 12 बजे के करीब उक्त व्यक्तियों द्वारा 20 के करीब अज्ञात व्यक्तियों के साथ रिवाल्वर, देसी कट्टे, राइफल, बेसबॉल आदि से लैस होकर जबरदस्ती पैलेस के अंदर घुस कर इंद्रजीत सिंह ने अपने रिवाल्वर के साथ जसपाल सिंह को जान से मार देने के इरादे से उस पर फायर किए लेकिन वह बच गया, अन्य लोगों द्वारा भी 10-12 हवाई फायर किए गए। पैलेस में लगे हुए कैमरों की ओर पैलेस की तोड़फोड़ की। इन्होंने सुरक्षा कर्मचारी बलजिंदर सिंह और जसपाल सिंह की बुरी तरह से मारपीट की।

शिकायतकर्ता ने कहा कि इस हमले की वजह रंजिश यह है कि मैंने इंदरजीत सिंह बगैरा के खिलाफ पैलेस के असल मालक हरचरण सिंह के पक्ष में गवाही दी थी जिसके बाद उनके खिलाफ धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज हुआ था। इसी रंजिश के चलते इंदरजीत सिंह ने साथियों के साथ रात के समय हमारे पैलेस में जबरदस्ती दाखिल होकर पहले मुझ पर व सिक्योरिटी गार्ड ऊपर जानलेवा हमला किया और सिक्योरिटी गार्ड की राइफल भी छीनकर ले गए। नरेंद्र सिंह के बयान पर इन सभी के खिलाफ थाना सदर रायकोट में मुकदमा दर्ज किया गया है। थाना प्रभारी गगनप्रीत सिंह ने कहा कि मामले की जांच की जा रही है।

Edited By: Vinay Kumar