यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jun 08, 2021 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Ludhiana Covid Cases Update: लुधियाना में 12 मार्च के बाद सबसे कम 135 मामले आए, रिकवरी रेट बढ़कर हुआ 95 फीसद
Ludhiana Covid Cases Update जिले में कोरोना के 85589 मामले आ चुके हैं। जिसमें से 81316 संक्रमित कोरोना को मात ...और पढ़ें

लुधियाना, जेएनएन। Ludhiana Covid Cases Update: कोरोना संक्रमण में गिरावट आने से नए मामलों में भी कमी आने लग गई है। संक्रमण में आई राहत से अब जिंदगी फिर से पटरी पर आने लग गई है। रोजाना नए मामलों में गिरावट आ रही है। सोमवर को जिले में कोरोना के 135 नए मामले आए। जिसमें एक गर्भवती महिला व एक हेल्थ केयर वर्कर भी पाजिटिव पाए गए। 12 मार्च के बाद पहली दफा एक दिन में इतने कम मामले आए हैं। हालांकि जून माह से ही कोरोना के मामले घटने लग गए थे।
अब तक जिले में कोरोना के 85589 मामले आ चुके हैं। जिसमें से 81316 संक्रमित कोरोना को मात देकर स्वस्थ हो चुके हैं। जिले में कोरोना मरीजों के स्वस्थ होने की दर अब 95 फीसद हो गई है। वहीं नए मामलों में कमी आने से एक्टिव केस लगातार कम हो रहे हैं। इस समय एक्टिव केस अब केवल 2200 के करीब रह गए हैं। इनमें से निजी अस्पतालों की बात करें, तो 50 अस्पतालों में अब केवल 260 संक्रमित ही भर्ती हैं। जबकि सिविल अस्पताल में भी संक्रमितों की संख्या घटकर 83 हो गई हैं। वहीं होम आइसोलेशन में 1700 मरीज हैं। दूसरी तरफ जिले के अलग अलग इलाकों के रहने वाले छह संक्रमितों ने दम तोड़ दिया। सभी संक्रमित 40 साल 55 साल की उम्र के रहे। अब तक जिले में 2035 संक्रमितों की मौत हो चुकी है। जबकि 31 मरीज वेंटिलेटर पर हैं। इनमें से 19 मरीज लुधियाना और 12 मरीज दूसरे अस्पतालों के हैं।
थोड़ी सी लापरवाही पड़ सकती है भारीः डीसी
दैनिक जागरण से बात करते हुए डीसी वरिंदर शर्मा ने कहाकि कोरोना के मामलों में कमी जरूर आई है, लेकिन थोड़ी सी लापरवाही फिर से इसे विकराल कर सकता है। ऐसे में जिम्मेदारी आम लोगों की ज्यादा बढ़ गई है। वे हर जरूरी काम करें, आफिस जाएं, बाजार जाएं, लेकिन इस बात का भी ध्यान रखें कि काेरोना संक्रमण को रोकने को लेकर सरकार द्वारा जो गाइडलाइन बनाई गई हैं, उसका पालन जरूर करेंगे। पहली लहर में कोरोना संक्रमण में कमी आने के बाद हमारी लापरवाही की वजह से ही दूसरी लहर के आने में महत्वपूण भूमिका निभाई। अब दूसरी लहर कमजोर पड़ चुकी है और तीसरी लहर की संभावना जताई जा रही है। लेकिन अगर शहर के लोग कोरोना गाइडलाइन का सख्ती से पालन करेंगे तो तीसरी लहर के खतरों से बच सकते हैं।
