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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Mar 28, 2021 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Surface Water Project: जालंधरवासियों को जल्द पीने को मिलेगा सतलुज दरिया का पानी, पाइप बिछाने का काम शुरू

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Published: Sun, 28 Mar 2021 06:45 AM (IST)Updated: Sun, 28 Mar 2021 07:02 AM (IST)

शहर में पीने के लिए सतलुज दरिया का पानी सप्लाई करने को पाइप लाइन बिछाने का काम शुरू हो गया ...और पढ़ें

पीने के लिए सतलुज दरिया का पानी सप्लाई करने को पाइप लाइन बिछाने का काम शुरू हो गया है।
पीने के लिए सतलुज दरिया का पानी सप्लाई करने को पाइप लाइन बिछाने का काम शुरू हो गया है।

जालंधर, जेएनएन।  शहर में पीने के लिए सतलुज दरिया का पानी सप्लाई करने के सरफेस वाटर प्रोजेक्ट के तहत पाइप लाइन बिछाने का काम शुरू हो गया है। शहर के कई इलाकों में लार्सन एंड टुर्बो कंपनी ने पाइप लाइन बिछाने के लिए पाइपें पहुंचा दी हैं। शनिवार को अड्डा होशियारपुर के पास पाइप लाइन बिछाई गई। शहर में 97 किलोमीटर पाइप लाइन बिछाई जानी है और इसके तहत पहले उन इलाकों पर फोकस रहेगा जहां पर अभी नई सड़क नहीं बनाई गई हैं।

इस प्रोजेक्ट के तहत मेन वाटर स्टोरेज और ट्रीटमेंट प्लांट आदमपुर के गांव जगरावां में होगा वहां से 17 किलोमीटर पाइप लाइन के जरिए शहर तक पानी आएगा। शहर में 40-40 एमएलडी के पांच अंडर ग्राउंड वाटर टैंक बनाए जाएंगे। इन वाटर टैंक और शहर के वाटर सप्लाई डिस्ट्रीब्यूशन नेटवर्क को जोड़ने के लिए 80 किलोमीटर पाइप लाइन बिछाई जानी है। गांव जगरावा में अंडरग्राउंड वाटर टैंक के लिए खुदाई चल रही है और वाटर ट्रीटमेंट प्लांट लगाने का काम भी शुरू हो गया है। यह प्रोजेक्ट तीन साल में पूरा किया जाना है। जहां नई सड़क नहीं बनी, वहां प्राथमिकता से पाइप बिछेगी पाइप लाइन जिन इलाकों में बिछाई जानी है उसकी रूपरेखा विधायकों की अध्यक्षता में तय कर दी गई है।

जिन इलाकों में अभी नई सड़कें नहीं बनाई गई हैं वहां प्राथमिकता के आधार पर पाइप लाइन बिछाई जाएगी। कंपनी ने यह भी बता दिया है कि किन-किन इलाकों में पाइप लाइन नहीं बिछाई जानी है। इससे नगर निगम के लिए स्पष्ट हो गया है कि किन-किन इलाकों की सड़कें बनाई जानी है और किन-किन इलाकों में सड़कों का काम पें¨डग किया जाना है। जिस सड़क को कंपनी तोड़ेगी, उसे बनवाएगी भी पाइपलाइन बिछाने के समय जिन भी सड़कों को सरफेस वाटर प्रोजेक्ट कंपनी तोड़ेगी उसको बनाने का जिम्मा भी कंपनी का ही रहेगा। कंपनी को अलाट किए गए टेंडर में सड़कों को दोबारा बनाने का पैसा भी शामिल है।