जागरण संवाददाता, जालंधर। श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी के पावन स्वरूप के आगे ढोल या फिर बैंड बाजा बजाना सिख धर्म के विपरीत है। यह बात कहते हुए जिले की गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटियों सोमवार को ऐसा करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की मांग रखी। उनकी यह मांग इंटरनेट मीडिया पर हाल में वायरल हुई एक वीडियो को लेकर आई है, जिसमें श्री गुरु ग्रंथ साहिब के आगे इस तरह की हरकत की गई है।

वीडियो को लेकर जिले की गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटियों में भारी रोष है। इस संबंध में गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटियों के प्रतिनिधियों की बैठक गुरुद्वारा दीवान स्थान सेंट्रल टाउन में हुई। इसमें ना सिर्फ इसका विरोध किया गया बल्कि ऐसा करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की मांग भी रखी गई। गुरुद्वारा नौवीं पातशाही जीटीबी नगर के अध्यक्ष जत्थेदार जगजीत सिंह गाबा, गुरुद्वारा 6वीं पातशाही के अध्यक्ष बेअंत सिंह सरहदी, गुरुद्वारा दीवान स्थान के महासचिव गुरमीत सिंह बिट्टू, सरबजीत सिंह राजपाल, परमिंदर सिंह दशमेश नगर तथा हरजोत सिंह लक्की ने कहा कि श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी के पावन स्वरूप के आगे इस तरह की हरकत को अंजाम देना सिख धर्म की मर्यादा के विपरीत है। उन्होंने कहा कि पावन स्वरूप के आगे शबद गायन तथा गुरुओं की जीवनी का बखान किया जा सकता है। इसके अलावा नृत्य करना भी मर्यादा के विपरीत है, जिसे कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने भविष्य में ऐसा करने वालों को चेतावनी भी दी।

इस मौके पर उनके साथ सतपाल सिंह सिद्धिकी, दविंदर सिंह रहेजा, कंवलजीत सिंह टोनी, अजीत सिंह सेठी, जसविंदर सिंह रंधावा, गुरबख्श सिंह, चरण सिंह, इकबाल सिंह मकसूदा, भूपेंद्र पाल सिंह, दविंदर सिंह, दलजीत सिंह क्रिस्टल, सुरिंदर सिंह विरदी, दविंदर सिंह टांडा, जगदेव सिंह जग्गी, कुलजीत सिंह चावला, निर्मल सिंह बेदी, दिलबाग सिंह, रणजीत सिंह मॉडल हाउस, मनदीप सिंह बल्लू, जसविंदर सिंह शेरपुर, गुरिंदर सिंह, रणजीत सिंह गोल्डी, गगनदीप सिंह, राजबीर सिंह, मनप्रीत सिंह, चरणजीत सिंह, हीरा सिंह व जसविंदर सिंह मौजूद थे।

Edited By: Pankaj Dwivedi