जागरण संवाददाता, अबोहर : सीवरेज बोर्ड ने नगर परिषद से नौ वर्ष पहले एक लाख रुपये लेकर भी मात्र 10 फुट पाइप नहीं डाली। वार्ड नंबर 26 की गली नंबर 3 निवासी कृष्ण गोयल ने बताया कि वर्ष 2010 में स्थायी लोक अदालत में पंजाब वाटर सप्लाई व सीवरेज बोर्ड के खिलाफ याचिका दायर की थी।

याचिका में कहा गया था कि वार्ड नंबर 26 की गली नंबर 3 की सीवरेज लाइन जाम पड़ी है जिस कारण सीवरेज का गंदा पानी ओवरफ्लो होकर गली में पसरा रहता है। इससे हर समय बदबू फैली रहती है और राहगीरों को परेशानी होती है। बच्चों को स्कूल जाने के लिए गंदे पानी से होकर जाना पड़ता है। याचिका में मांग की गई थी कि विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए जाए कि वो जनता की समस्या का हल करें। याचिका पर सुनवाई करते हुए माननीय अदालत ने सीवरेज बोर्ड को निर्देश दिए थे कि वो एक महीने के अंदर गली नंबर 3 में सीवरेज पाइप लाइन को बदल कर वहां निवासियों को राहत प्रदान करे।

माननीय अदालत ने जहां गली की सीवर व्यवस्था को ठीक रखने के आदेश दिए वहीं सीवरेज बोर्ड को पांच हजार की राशि हर्जाने के तौर पर जिला कानूनी सर्विस फिरोजपुर में जमा करवाने के आदेश भी दिए। तत्कालीन एसडीओ सीवरेज बोर्ड द्वारा बोर्ड के पास फंड न होने की बात कहकर सीवरेज पाइपें डालने में असमर्थता जताई तो अदालत के आदेशों पर स्थानीय नगरपरिषद ने 21 जनवरी 2011 को एक लाख रुपये का चेक सीवरेज बोर्ड के नाम जारी कर दिया था। लेकिन एक लाख रुपये मिलने के नौ साल के बाद भी पाइप लाइन नहीं बदली गई। कृष्ण गोयल ने कोर्ट की अवमानना की याचिका अदालत में दायर की जा रही है।

Posted By: Jagran

डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस

ਪੰਜਾਬੀ ਵਿਚ ਖ਼ਬਰਾਂ ਪੜ੍ਹਨ ਲਈ ਇੱਥੇ ਕਲਿੱਕ ਕਰੋ!