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पंजाब रोडवेज ठेका कर्मचारियों की मांगों पर बड़ा फैसला, 10 दिनों में पूरी होगी पक्का करने की प्रक्रिया  

Published: Mon, 05 Oct 2026 08:27 PM (IST)

पंजाब सरकार ने पनबस और पीआरटीसी ठेका कर्मचारियों की मांगों के समाधान के लिए 15 अक्टूबर की समय-सीमा तय की ...और पढ़ें

पंजाब रोडवेज ठेका कर्मचारियों के साथ बैठक करते हरपाल चीमा। फोटो जागरण

पंजाब रोडवेज ठेका कर्मचारियों के साथ बैठक करते हरपाल चीमा। फोटो जागरण

HighLights

  1. 15 अक्टूबर तक पनबस/पीआरटीसी कर्मचारियों की मांगों का समाधान।

  2. ठेका कर्मचारियों को नियमित करने की प्रक्रिया 10 दिन में पूरी।

  3. आईटीआई इंस्ट्रक्टरों की वेतन वृद्धि का प्रस्ताव वित्त विभाग को।

डॉ. सुमित सिंह श्योराण, चंडीगढ़। पंजाब रोडवेज, पनबस और पीआरटीसी के ठेका कर्मचारियों के लिए सोमवार की बैठक में कई अहम फैसले लिए गए। वित्त एवं परिवहन मंत्री हरपाल सिंह चीमा की अध्यक्षता में हुई बैठक में सरकार ने कर्मचारियों की जायज मांगों के समाधान के लिए 15 अक्टूबर की समय-सीमा तय की है।

साथ ही लंबे समय से ठेके पर काम कर रहे कर्मचारियों को नियमित करने के मुद्दे पर भी अगले 10 दिन में प्रक्रिया पूरी करने के निर्देश दिए गए हैं। बैठक में सचिव परिवहन सहित विभाग के अन्य वरिष्ठ अधिकारी और पनबस/पीआरटीसी कॉन्ट्रैक्ट वर्कर्स यूनियन के प्रतिनिधि मौजूद रहे।

मंत्री ने परिवहन विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव अनुराग वर्मा को निर्देश दिए कि कर्मचारियों की मांगों का समयबद्ध समाधान किया जाए और बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स की बैठक भी जल्द बुलाई जाए, ताकि जिन मामलों में बोर्ड की मंजूरी जरूरी है, उन पर तत्काल फैसला हो सके।

10 दिन में रेगुलर करने की प्रक्रिया पर फैसला

यूनियन नेताओं के अनुसार, आउटसोर्स कर्मचारियों को वर्ष 2026 की नीति के तहत कांट्रैक्ट पर लाने की प्रक्रिया 10 दिन में पूरी करने के निर्देश दिए गए हैं।

वहीं, 10 से 15 वर्षों से लगातार कांट्रैक्ट पर काम कर रहे कर्मचारियों को नियमित करने के मामले में भी विभाग को 10 दिन के भीतर पूरी फाइल तैयार करने को कहा गया है। कर्मचारियों की सेवा अवधि को उनकी नियुक्ति के समय से ही सेवा खाते में शामिल करने के मुद्दे पर भी निर्देश दिए गए।

जिन कर्मचारियों के खिलाफ विभागीय स्तर पर कार्रवाई के बाद सेवाएं समाप्त की गई हैं, उनके मामलों की समीक्षा कर पात्र कर्मचारियों को बहाल करने के लिए सचिव परिवहन को 15 दिन में कार्रवाई करने को कहा गया है।

मंत्री ने विभाग को कांट्रैक्ट कर्मचारियों का पूरा डाटा भी 10 दिन में तैयार करने के निर्देश दिए। यूनियन ने परिवहन कर्मचारियों को नई नीति में खतरनाक श्रेणी का लाभ देने और तीन वर्ष की निर्धारित सेवा संबंधी प्रावधानों को उन पर भी लागू करने की मांग रखी।

15 अक्टूबर को फिर होगी बैठक

चीमा ने कहा कि पनबस/पीआरटीसी ठेका कर्मचारियों की सभी जायज मांगों का 15 अक्टूबर तक समाधान किया जाए। इसी दिन कर्मचारियों के साथ अगली बैठक भी निर्धारित की गई है। सरकार के सकारात्मक रुख को देखते हुए यूनियन ने 15 अक्टूबर तक धरने और प्रदर्शन स्थगित करने का फैसला लिया है।

वहीं, सरकारी आईटीआई ठेका कर्मचारियों और कॉन्ट्रैक्ट इंस्ट्रक्टरों के साथ बैठक में 58 वर्ष तक सेवा सुरक्षा, उचित मेहनताने और वेतन बढ़ोतरी की मांगों पर भी चर्चा हुई। तकनीकी शिक्षा विभाग के निदेशक मुनीश कुमार को इंस्ट्रक्टरों की वेतन वृद्धि का औपचारिक प्रस्ताव जल्द वित्त विभाग को भेजने के निर्देश दिए गए हैं।