राज्य ब्यूरो, चंडीगढ़: Punjab Congress: पंजाब के मुख्‍यमंत्री चरणजीत सिंह चन्‍नी और पंजाब कांग्रेस के अध्‍यक्ष नवजोत सिंह सिद्धू आखिरकार साथ आए। दोनों नेताओं का विवाद पिछले कुछ समय से सुर्खियां बना हुआ है।  नवजोत सिंह सिद्धू ने रविवार देर शाम मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी के साथ बैठक में हिस्सा लिया। यह बैठक अगले साल होने वाले विधानसभा चुनाव को लेकर की गई ताकि यह तय किया जा सके कि इस चुनाव में कांग्रेस के प्रचार की कमान किस कंपनी के हाथ में होगी। इससे पहले सिद्धू ने कांग्रेस के 13 प्वाइंट एजेंडे को लेकर सोनिया गांधी को पत्र लिखा था।

बैठक को लेकर सभी की नजरें चन्नी व सिद्धू पर टिकी थी

राजभवन के गेस्ट हाउस में हुई बैठक देर रात तक चली। इसमें प्रचार कंपनियों के प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया और अपनी प्रेजेंटेशन दी।  पार्टी सूत्रों के अनुसार यह बैठक पूर्व निर्धारित थी। बैठक को लेकर सबकी नजरें मुख्यमंत्री चन्नी और सिद्धू पर टिकी हुई थीं, क्योंकि दोनों के रिश्ते पिछले कुछ दिनों से खराब चल रहे हैं।

इससे पहले रविवार को सुबह नवजोत सिंह सिद्धू ने 13 प्वाइंट वाले एजेंडे को लेकर सोनिया गांधी को लिखे पत्र को ट्वीट कर शेयर भी किया था। इसके बाद कयास लगाए जा रहे थे कि इस बैठक में पार्टी चन्नी और सिद्धू को एक साथ बैठा कर मामलों को सुलझाना चाहती है। लेकिन सभी विवादों को दरकिनार करते हुए बैठक में इस बात को लेकर चर्चा हुई कि 2022 में चुनाव कैंपेन किस कंपनी को सौंपी जाए। बताया गया है कि सात कंपनियां इस दौड़ में शामिल हैं।

बैठक में शामिल हुए पार्टी के महासचिव परगट सिंह ने कहा कि बैठक कैंपेन को लेकर है और इसके अतिरिक्त कोई एजेंडा नहीं है। बैठक में कांग्रेस के पर्यवेक्षक हरीश चौधरी भी मौजूद रहे। चन्नी के मुख्यमंत्री बनने के बाद से चौधरी चंडीगढ़ में ही डटे हुए हैं।

Edited By: Sunil Kumar Jha