चरस के साथ पकड़ा युवक चंडीगढ़ कोर्ट में बोला-गलत संगत में पड़ गया था, जज ने सुधरने का दिया मौका
चंडीगढ़ की स्पेशल एनडीपीएस कोर्ट ने 200 ग्राम चरस रखने के दोषी अंकुज कुमार को नरम सजा सुनाई है। दोषी ...और पढ़ें

चंडीगढ़ की स्पेशल एनडीपीएस कोर्ट का फैसला। (सांकेतिक फोटो)
HighLights
200 ग्राम चरस रखने के दोषी को नरम सजा।
दोषी ने गलत संगत में पड़ने का पछतावा जताया।
कोर्ट ने समाज की मुख्यधारा में लौटने का अवसर दिया।
जागरण संवाददाता, चंडीगढ़। चंडीगढ़ की स्पेशल एनडीपीएस कोर्ट ने 200 ग्राम चरस रखने के मामले में दोषी 34 वर्षीय अंकुज कुमार उर्फ अंकु को नरम सजा सुनाई। हिमाचल प्रदेश के हमीरपुर निवासी अंकुज को जेल में पहले से बिताया एक महीना ही सजा माना गया और 7500 रुपये जुर्माना लगाया गया।
अब उसे दोबारा जेल नहीं जाना होगा। अदालत ने कहा कि उसे समाज की मुख्यधारा में लौटकर कानून का पालन करने वाले नागरिक के रूप में जीवन जीने का सार्थक अवसर दिया जाना चाहिए। सजा पर बहस के दौरान दोषी ने अपनी गलती पर पछतावा जताते हुए कहा कि वह गलत संगत में पड़ गया था।
पेशे से ड्राइवर अंकुज परिवार का इकलौता कमाने वाला सदस्य है। उसकी पत्नी, दो नाबालिग बच्चे और बुजुर्ग माता-पिता उस पर निर्भर हैं। वह करीब पांच साल तक मुकदमे की प्रक्रिया का सामना करता रहा। स्पेशल कोर्ट के जज रमन गोकलानी ने फैसले में कहा कि बरामद 200 ग्राम चरस कमर्शियल नहीं, बल्कि इंटरमीडिएट मात्रा की श्रेणी में आती है।
दोषी का पहले कोई आपराधिक रिकाॅर्ड नहीं था और एफआईआर दर्ज होने के बाद वह किसी अन्य आपराधिक गतिविधि में शामिल नहीं पाया गया। पुलिस ने उसे पांच साल पहले इंडस्ट्रियल एरिया के पास गिरफ्तार किया था।