अमृतसर में सीमा पार से हथियारों की तस्करी का भंडाफोड़, 13 पिस्तौल; 2 हैंड ग्रेनेड और असॉल्ट राइफल के साथ 5 गिरफ्तार
पंजाब पुलिस की काउंटर इंटेलिजेंस टीम ने अमृतसर में सीमा पार हथियारों की तस्करी करने वाले गिरोह का पर्दाफाश कर पांच आरोपितों को गिरफ्तार किया है।
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सीमा पार हथियार तस्करी गिरोह का पर्दाफाश, पांच आरोपित गिरफ्तार।
HighLights
पंजाब पुलिस ने हथियार तस्कर गिरोह का भंडाफोड़ किया
पांच आरोपित गिरफ्तार, भारी मात्रा में हथियार बरामद
असाल्ट राइफल, ग्रेनेड, 13 पिस्तौल और कारतूस जब्त
जागरण संवाददाता, अमृतसर। पंजाब पुलिस की काउंटर इंटेलिजेंस अमृतसर टीम ने सीमा पार से हथियारों और विस्फोटक सामग्री की तस्करी करने वाले गिरोह का पर्दाफाश करते हुए पिता-पुत्र समेत पांच आरोपितों को गिरफ्तार किया है।
पुलिस ने आरोपितों के कब्जे से एक .30 बोर असाल्ट राइफल, दो हैंड ग्रेनेड, 13 विदेशी पिस्तौल और 25 जिंदा कारतूस बरामद किए हैं। बरामद पिस्तौलों में चार नौ एमएम ग्लाक और नौ .30 बोर पिस्तौल शामिल हैं। पुलिस ने हथियारों की खेप की आवाजाही में इस्तेमाल की जा रही दो मोटरसाइकिल भी जब्त की हैं।
डीजीपी गौरव यादव ने इंटरनेट मीडिया के माध्यम से बताया कि गिरफ्तार आरोपितों की पहचान अजनाला के गांव बल्लड़वाल निवासी गुरप्रीत सिंह और उसके बेटे जसकरन सिंह, बटाला के सागरपुर निवासी वीनू, गांव रसूलपुर निवासी अमृतपाल सिंह और गांव गौंसपुरा निवासी गौरव मसीह के रूप में हुई है।
पुलिस को सूचना मिली थी कि गुरप्रीत सिंह और जसकरन सिंह विदेश में बैठे एक हथियार तस्कर के संपर्क में हैं और सीमा पार से ड्रोन के माध्यम से गिराई जाने वाली हथियारों, कारतूसों और विस्फोटक सामग्री की खेप उठाते हैं।
अजनाला में साथियों को सौंपनी थी हथियारों की खेप

पुलिस को खुफिया सूचना मिली थी कि पिता-पुत्र अजनाला के गांव तेरी के पास अपने तीन साथियों वीनू, अमृतपाल सिंह और गौरव मसीह से मिलने वाले हैं। उन्हें हथियारों और विस्फोटक सामग्री की खेप सौंपनी थी। सूचना के आधार पर काउंटर इंटेलिजेंस अमृतसर की टीम ने तुरंत कार्रवाई करते हुए निर्धारित स्थान पर छापा मारा और पांचों आरोपितों को हथियारों व विस्फोटक सामग्री समेत गिरफ्तार कर लिया।
विदेश में बैठे तस्कर से संपर्क
जांच में सामने आया है कि विदेश में बैठा तस्कर पुलिस की पकड़ से बचने और हथियारों की आवाजाही का तालमेल बनाए रखने के लिए कूटबद्ध संचार माध्यमों यानी एंड-टू-एंड एन्क्रिप्शन का इस्तेमाल कर रहा था। उसके निर्देशों पर गुरप्रीत सिंह और जसकरन सिंह सीमा पार से ड्रोन के जरिये गिराई गई खेप उठाते थे।
इसके बाद वीनू, अमृतपाल सिंह और गौरव मसीह के माध्यम से हथियारों को आगे पहुंचाया जाना था। पुलिस अब इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की पहचान करने में जुटी है। थाना स्टेट स्पेशल ऑपरेशन सेल ने इस संबंध में केस दर्ज किया है।
