जागरण संवाददाता, जालंधर । बीएड टेट पास बेरोजगार अध्यापकों का संघर्ष 24वें दिन भी जारी रहा। जिसमें श्रृंखला के हिसाब से रोजाना पांच पांच साथी अध्यापक भूख हड़ताल पर बैठे हैं। इन अध्यापकों को अब शिक्षा मंत्री परगट सिंह की तरफ से दिए गए आश्वासन के अनुसार नोटिफिकेशन जारी करने के फैसले का इंतजार है। अध्यापकों की तरफ से 23 नवंबर को फिर से शिक्षा मंत्री की कोठी का घेराव किया जाना है।अध्यापकों के अनुसार उनकी एक ही मांग है कि सरकार शिक्षा विभाग हिंदी पंजाबी और एसएसटी विषय के 9000 अध्यापकों की भर्ती का नोटिफिकेशन जारी करें। जैसे ही यह नोटिफिकेशन जारी होगा उनका प्रदर्शन भी पूर्ण हो जाएगा।

वहीं दूसरी तरफ मनीष और जसवंत घुबाया जर्नल बस अड्डा पानी की टंकी पर चढ़कर अपना रोष जाहिर कर रहे हैं। हालांकि इस दौरान मनीष की तबीयत पूरी तरह से बिगड़ी हुई है और स्वास्थ्य विभाग की टीम की तरफ से उन्हें अस्पताल में भर्ती होने की सलाह दी गई है। मगर मनीष का कहना यही है कि जब तक उनके हक में फैसला नहीं आता वे टंकी से नहीं उतरेंगे फिर चाहे इसका जो भी असर उनके स्वास्थ्य पर पड़े। 

बता दें कि इन अध्यापकों की तरफ से दो बार पहले ही शिक्षा मंत्री की कोठी का घेराव किया जा चुका है। दोनों ही बार पुलिस और अध्यापकों की जमकर हाथापाई भी हुई । जिसके बाद उन्हें तारा नंबर को चंडीगढ़ में मीटिंग के लिए बुलाया गया था। जहां पर यूनियन के प्रतिनिधिमंडल की शिक्षा मंत्री डीडीएससी शिक्षा सचिव सहित आला अधिकारियों के साथ पैनल मीटिंग हुई थी। तब शिक्षा मंत्री की तरफ से यही आश्वासन दिया गया था कि वे जल्द से जल्द उनकी मांगों को पूरी करवाने के लिए प्रयत्न कर रहे हैं और जल्द ही उनकी मांग संबंधी नोटिफिकेशन जारी कर दिया जाएगा।

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Edited By: Vinay Kumar