जागरण ब्यूरो, नई दिल्ली। भगोड़े उद्योगपति विजय माल्या को लेकर गर्म राजनीति में कांग्रेस ने आरोप लगाए तो भाजपा की ओर से भी तत्काल पलटवार हुआ है। भाजपा प्रवक्ता अनिल बलूनी ने बिंदुवार सवाल करते हुए कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी से पूछा है कि क्या यह सही नहीं है कि फरवरी 2011 में पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने कहा था हम लोगों को किंगफिशर को मुश्किलों से निकलना होगा। उसके बाद माल्या को राहत देने में तत्कालीन कांग्रेस सरकार जुट गई थी।

माल्या ने मनमोहन सिंह को धन्यवाद दिया था 
भाजपा ने आरोप लगाते हुए कांग्रेस से पूछा है कि क्या यह सही नहीं है कि 2010-2013 के बीच विजय माल्या ने मनमोहन सिंह को कई ईमेल किए जिसके बाद तत्कालीन वित्त मंत्री चिदंबरम ने किंगफिशर को कर्ज देकर राहत पहुंचाई और इसके लिए माल्या ने मनमोहन सिंह को धन्यवाद दिया था।

भाजपा नेता शाहनवाज हुसैन ने कहा कि माल्या कांग्रेस के लिखे हुए शब्द ही दोहरा रहे हैं। उन्हें लगता है कि कांग्रेस उन्हें बचाएगी और कांग्रेस माल्या के सहारे फिर से झूठ की राजनीति में कूद गई है।

यूपीए सरकार ने दिया था बेलआउट पैकेज 
बलूनी ने आरोप लगाया है कि उस वक्त की यूपीए सरकार ने 2012 में किंगफिशर के स्टेट बैंक के फ्रीज्ड खाते को फ्री किया और उसको बेलआउट पैकेज भी दिया था। जबकि उस वक्त लगातार घाटे में चल रही किंगफिशर के स्टेट बैंक खातों को फ्रीज किया गया था।

बलूनी ने यह भी पूछा है कि क्या यह सही नहीं है कि यूपीए सरकार के दौरान विमानन मंत्री वायलार रवि ने विजय माल्या से मुलाकात कर सार्वजनिक रूप से सरकार द्वारा बैंकों के माध्यम से किंगफिशर को मदद करने की बात कही थी।

किंगफिशर के बिजनेस क्लास करते थे में मुफ्त सफर 
भाजपा ने आरोप लगाया है कि माल्या को कर्ज के एवज में यूपीए अध्यक्ष सोनिया गांधी और राहुल गांधी मुफ्त में किंगफिशर के बिजनेस क्लास में सफर किया करते थे। भाजपा ने कहा कि माल्या को अधिकतर कर्ज मनमोहन सरकार के कार्यकाल में दिए गए और इसमें कोई शक नहीं कि विजय माल्या को कांग्रेस सरकार पाल पोस रही थी। भाजपा ने मांग की है कि राहुल गांधी को इन सभी सवालों का जवाब देना चाहिए।

 

Posted By: Arun Kumar Singh