राज्य ब्यूरो, कोलकाता। जम्मू कश्मीर के रियासी जिले से गिरफ्तार लश्कर-ए- तैयबा के आतंकवादी तालिब हुसैन शाह के भाजपा से कथित रूप से लिंक होने और पार्टी की बैठकों में उपस्थिति का मामला सामने आने के बाद इस मुद्दे पर अब बंगाल में सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) ने मंगलवार को भाजपा को घेरा। पार्टी ने इसको लेकर भाजपा की आलोचना करते हुए इस मामले की स्वतंत्र न्यायिक जांच की मांग की। इसके साथ ही तृणमूल ने राजस्थान के उदयपुर में दर्जी कन्हैयालाल हत्याकांड की भी उच्चस्तरीय जांच की मांग की।

बंगाल सरकार में मंत्री और तृणमूल नेता शशि पांजा ने यहां एक संवाददाता सम्मेलन में गिरफ्तार आतंकवादी तालिब हुसैन की केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह सहित भाजपा नेताओं के साथ वाली कथित तस्वीर भी प्रदर्शित की और दावा किया कि इसने आतंकवादियों के साथ भाजपा के संबंधों को उजागर कर दिया है। बता दें कि दैनिक जागरण इस तस्वीर की प्रामाणिकता की पुष्टि नहीं करता है। इससे पहले भाजपा ने रविवार को उन दावों को खारिज किया था जिमसें कहा जा रहा है कि गिरफ्तार आतंकी पार्टी का सदस्य है। भाजपा ने दावा किया कि गिरफ्तार आतंकी तालिब हुसैन एक साजिश के तहत न्यूज पोर्टल का रिपोर्टर बनकर पार्टी के कार्यालय में आया था और अपने आका के निर्देश पर भाजपा के नेताओं को निशाना बनाने के लिए उसने टोह ली थी। उन्होंने उन दावों को खारिज किया कि शाह जम्मू कश्मीर के पार्टी के अल्पसंख्यक प्रकोष्ठ का आइटी प्रभारी था।

वहीं, तृणमूल नेता पांजा ने रिपोर्टों का हवाला देते हुए दावा किया कि हुसैन भाजपा के अल्पसंख्यक प्रकोष्ठ के आइटी सेन का प्रभारी था। उन्होंने कहा- यह एक बहुत ही गंभीर मामला है। हम न्यायिक जांच की मांग करते हैं। पांजा ने इसके अलावा 28 जून को उदयपुर में दर्जी कन्हैयालाल की हुई हत्या की भी जांच की मांग की। पैगंबर मोहम्मद के बारे में भाजपा की निलंबित प्रवक्ता नुपुर शर्मा की टिप्प्णी का कथित रूप से समर्थन के चलते कन्हैयालाल की बेरहमी से हत्या कर दी गई थी। पांजा ने इसके अलावा नुपुर शर्मा की गिरफ्तारी की मांग भी दोहराई और कहा कि उनके खिलाफ सुप्रीम कोर्ट ने भी गंभीर टिप्पणी की है। उन्होंने आरोप लगाया कि इसके बावजूद भाजपा द्वारा नुपुर को संरक्षण दिया जा रहा है।

Edited By: Ashisha Rajput