नई दिल्‍ली, एएनआइ। दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने फोन टैपिंग मामले में राजस्थान कांग्रेस के नेता महेश जोशी को 24 जून प्रात: 11 बजे पेश होने के लिए मंगलवार को नोटिस जारी किया है। केंद्रीय जल संसाधन मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत की एफआइआर पर दिल्ली क्राइम ब्रांच जांच कर रही है। गजेंद्र सिंह शेखावत ने आरोप लगाया है कि राजस्थान में कांग्रेस सरकार अवैध रूप से जनप्रतिनिधियों के फोन टैप कर रही है और उन्हें राजनीतिक हथियार के रूप में इस्तेमाल किया जा रहा है।

हालांकि, पिछले साल मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने इस पूरे मामले पर सफाई देते हुए कहा था कि राजस्थान में ऐसा नहीं होता, लेकिन उनके मंत्री ने विधानसभा में स्वीकार किया की ऐसा हुआ है। राजस्थान के कई विधायकों और मंत्रियों ने भी इस मुद्दे को उठाया था।

कांग्रेस विधायक वीपी सोलंकी ने कहा, 'मुझे नहीं पता कि मेरा फोन टैप किया जा रहा है या नहीं। लेकिन कई विधायकों ने कहा है कि मोबाइल फोन टेप किए जा रहे हैं। कई अधिकारियों ने विधायकों को भी बताया कि ऐसा लगता है कि उनके फोन टैप करने का प्रयास किए जा रहे हैं। विधायकों ने इसकी जानकारी मुख्यमंत्री को दी थी।'

राजस्थान परिवहन मंत्री प्रताप सिंह खाचरियावास ने अपनी सरकार की ओर से सफाई दी और फोन टैपिंग मामले में लिप्त होने से भी इनकार किया है। उन्होंने कहा कि यह हमारा चरित्र नहीं है। देखने वाली बात ये भी है कि फोन टैंपिग का मामला तब चर्चा आया है, जब राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत और सचिन पायलट के बीच लंबे समय से खींचतान चल रही है।

आपको बता दें पिछले साल जुलाई में सचिन पायलट ने अशोक गहलोत के खिलाफ बगावत कर दी थी और उनका समर्थन करने वाले विधायकों के साथ हरियाणा में डेरा डाला था। इस नोटिस को दिल्ली क्राइम ब्रांच के इंस्पेक्टर सतीश मलिक ने जारी किया है और कांग्रेस के नेता महेश जोशी को क्राइम ब्रांच ने रोहिणी के प्रशांत विहार दफ्तर बुलाया है। महेश जोशी ने कहा कि नोटिस उन्होंने देखा नहीं है लेकिन आया है तभी इतनी बाते हो रही है।

Edited By: Tilakraj