नई दिल्‍ली, एजेंसी। भाजपा में बड़ा बदलाव देखने को मिला है। पार्टी के संसदीय बोर्ड में केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी और एमपी के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान को संसदीय बोर्ड से बाहर कर दिया गया है। इन दोनों नेताओं को बीजेपी की केंद्रीय चुनाव समिति से भी बाहर किया गया है। वहीं केंद्रीय चुनाव समिति में महाराष्‍ट्र के उपमुख्‍यमंत्री और वरिष्‍ठ नेता देवेंद्र फडणवीस को शामिल किया गया है। इससे भाजपा में उनके बढ़ते कद का पता चलता है।

पिछले दिनों महाराष्‍ट्र में देवेंद्र फडणवीस ने एकनाथ शिंदे के साथ मिलकर राज्‍य में सरकार बनाई है। पूर्व मुख्‍यमंत्री होने के बाद भी भाजपा के केंद्रीय नेतृत्‍व के कहने पर उन्‍होंने उप मुख्‍यमंत्री का पद ग्रहण किया था। केंद्रीय चुनाव समिति में देवेंद्र फडणवीस को शामिल कर भाजपा ने उन्‍हें पुरस्‍कृत किया है। यह दर्शाता है कि देवेंद्र फडणवीस की पीएम नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह और भाजपा अध्‍यक्ष जेपी नड्डा के काफी करीबी हैं।

भाजपा महासचिव अरुण सिंह की ओर से जारी विज्ञप्ति में केंद्रीय चुनाव समिति के 15 सदस्‍यों के नाम का एलान किया गया है। विज्ञप्ति में कहा गया कि भाजपा के राष्‍ट्रीय अध्‍यक्ष जेपी नड्डा ने पार्टी की केंद्रीय चुनाव समिति का गठन किया है, जिसके सदस्‍य इस प्रकार होंगे- जेपी नड्डा (अध्‍यक्ष), नरेंद्र मोदी, राजनाथ सिंह, अमित शाह, बीएस येदयुरप्‍पा, सर्बानंद सोनोवाल, के. लक्ष्‍मण, अल्पसंख्यक आयोग के अध्यक्ष इकबाल सिंह लालपुरा, पार्टी की राष्ट्रीय सचिव व पूर्व सांसद सुधा यादव, वरिष्ठ नेता व पूर्व सांसद सत्‍यनारायण जटिया, केंद्रीय मंत्री भूपेंद्र यादव, महाराष्‍ट्र के उप मुख्‍यमंत्री देवेंद्र फडणवीस, ओम माथुर, भाजपा के संगठन मंत्री बीएल संतोष और श्रीमती बनथी श्रीनिवास।

चुनाव समिति में संसदीय बोर्ड के 11 सदस्यों  के अलावा केंद्रीय मंत्री भूपेंद्र यादव, महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस, ओम माथुर और वनथी श्रीनिवासन शामिल किया गया है। शाहनवाज हुसैन को भाजपा चुनाव समिति से बाहर कर दिया गया।

वहीं भाजपा के संसदीय बोर्ड में बीएस येदियुरप्पा, इकबाल सिंह लालपुरा, सर्बानंद सोनोवाल, के. लक्ष्मण, सुधा यादव को नए सदस्यों के रूप में संसदीय बोर्ड में शामिल किया गया है।

Edited By: Arun Kumar Singh