नई दिल्ली (प्रेट्र)। एयरसेल-मैक्सिस सौदा मामले की जांच कर रहे प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) के अधिकारी के खिलाफ दायर याचिका में पक्षकार बनने के लिए भाजपा नेता सुब्रमण्यम स्वामी की याचिका पर अब सुप्रीम कोर्ट बुधवार को सुनवाई करेगा। सुप्रीम कोर्ट ने आज होने वाली सुनवाई को कल तक के लिए स्थगित कर दिया है। बता दें कि भाजपा नेता ने ईडी अधिकारी की आय से अधिक संपत्ति की जांच कराने की मांग की है।

जस्टिस अरुण कुमार मिश्रा और जस्टिस संजय किशन कौल की अवकाशकालीन पीठ सोमवार को इसके साथ ही ईडी के अधिकारी राजेश्वर सिंह की उस याचिका पर भी सुनवाई के लिए सहमत हो गया, जिसमें उन्होंने एयरसेल-मैक्सिस सौदे की जांच को विफल करने के प्रयासों के संदर्भ में अवमानना कार्यवाही चलाने का अनुरोध किया है।

हाल ही में रजनीश कपूर ने एक याचिका दायर कर आरोप लगाया था कि एयरसेल-मैक्सिस मामले की जांच कर रहे निदेशालय के अधिकारी सिंह ने आय से अधिक संपत्ति अर्जित की है। स्वामी ने इससे पहले एयरसेल-मैक्सिस मामले की जांच में तेजी के लिए शीर्ष अदालत में याचिका दायर की थी। उन्होंने ईडी के अधिकारी के खिलाफ कपूर की याचिका में पक्षकार बनाने का अनुरोध किया है।

इससे पहले 20 जून को जस्टिस इंदु मल्होत्रा ने इस मामले की सुनवाई से खुद को अलग कर लिया था। शीर्ष अदालत ने 12 मार्च को सीबीआइ और ईडी को एयरसेल-मैक्सिस सौदे मामले की जांच छह महीने के भीतर पूरी करने का निर्देश दिया था। यह मामला बतौर वित्त मंत्री पी. चिदंबरम के कार्यकाल के दौरान एयरसेल-मैक्सिस सौदे में विदेशी निवेश संव‌र्द्धन बोर्ड द्वारा मंजूरी देने में कथित अनियमितताओं से संबंधित है। इस मामले में जांच एजेंसियां पूर्व वित्त मंत्री और उनके पुत्र कार्ति चिदंबरम से भी पूछताछ कर चुकी है।

कार्ति की जमानत के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट पहुंची सीबीआइ

सीबीआइ ने सोमवार को सुप्रीम कोर्ट में कार्ति चिदंबरम को दिल्ली हाई कोर्ट से मिली जमानत के खिलाफ याचिका दायर की है। हाई कोर्ट ने उन्हें आइएनएक्स मीडिया मामले में जमानत दी है। जांच एजेंसी ने दावा किया है कि हाई कोर्ट का कार्ति की जमानत पर सुनवाई करना कानूनन अनुचित है। जिस समय ट्रायल कोर्ट में ऐसी राहत के लिए अर्जी लंबित थी उसी दौरान उन्हें हाई कोर्ट से जमानत दी गई। एजेंसी ने यह भी आरोप लगाया है कि हाई कोर्ट ने गलती से सुबूतों की योग्यता की विस्तृत परीक्षा की। जिस स्तर पर यह किया गया उससे सीबीआइ के मामले को गंभीर आघात पहुंचा है।

Posted By: Nancy Bajpai