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ममता को बड़ा झटका: नंदीग्राम उपचुनाव के लिए टीएमसी को नहीं मिल रहे उम्मीदवार, फलता की हार का खौफ

Published: Thu, 28 May 2026 02:39 AM (IST)

विधानसभा उपचुनाव को लेकर तृणमूल कांग्रेस की मुश्किलें बढ़ती दिख रही हैं। फलता उपचुनाव में खराब प्रदर्शन और जमानत जब्त ...और पढ़ें

नंदीग्राम उपचुनाव : फलता में जमानत जब्त होने के बाद अब तृणमूल को नहीं मिल रहे प्रत्याशी (फाइल फोटो)

नंदीग्राम उपचुनाव : फलता में जमानत जब्त होने के बाद अब तृणमूल को नहीं मिल रहे प्रत्याशी (फाइल फोटो)

HighLights

  1. मुख्यमंत्री शुभेंदु ने भवानीपुर सीट बरकरार रखते हुए नंदीग्राम से दिया है इस्तीफा 

  2. पवित्र कर और शेख सुफियान ने उपचुनाव लड़ने से किया इनकार 

  3. चुनाव में शुभेंदु ने नंदीग्राम से करीब 10 हजार वोटों से जीत दर्ज की थी

राज्य ब्यूरो, कोलकाता। विधानसभा उपचुनाव को लेकर तृणमूल कांग्रेस की मुश्किलें बढ़ती दिख रही हैं। फलता उपचुनाव में खराब प्रदर्शन और जमानत जब्त होने के बाद अब नंदीग्राम में पार्टी के कई नेता चुनाव लड़ने से पीछे हट रहे हैं।

सूत्रों के अनुसार, विधानसभा चुनाव में हार के बाद पवित्र कर ने नंदीग्राम से फिर चुनाव लड़ने से साफ इनकार कर दिया है। इसके बाद पार्टी नेतृत्व ने नंदीग्राम के पुराने तृणमूल नेता शेख सुफियान से संपर्क किया तो उन्होंने भी उपचुनाव लड़ने का प्रस्ताव ठुकरा दिया।

गौरतलब है कि मुख्यमंत्री शुभेंदु ने भवानीपुर सीट बरकरार रखते हुए नंदीग्राम विधानसभा सीट से इस्तीफा दे दिया है। संवैधानिक नियमों के तहत उनके इस्तीफे के बाद अब वहां उपचुनाव होना तय है। चुनाव में शुभेंदु ने नंदीग्राम से करीब 10 हजार वोटों से जीत दर्ज की थी।

बताया जा रहा है कि तृणमूल के राज्यस्तरीय नेता शेख सुफियान के नंदीग्राम स्थित घर पहुंचे थे और उन्हें प्रत्याशी बनने का प्रस्ताव दिया था। तब सुफियान ने न सिर्फ प्रस्ताव ठुकरा दिया, बल्कि पार्टी नेतृत्व के प्रति नाराजगी भी जताई।

आरोप लगाया कि अधिकारी परिवार के खिलाफ लगातार बोलने के लिए उन्हें उकसाया गया, लेकिन बाद में पार्टी नेतृत्व ने कोई संपर्क नहीं रखा। एक समय शुभेंदु के मुखर विरोधी रहे सुफियान ने अब उनके संगठनात्मक कौशल और प्रशासनिक क्षमता की खुलकर प्रशंसा की।

मालूम हो कि सुफियान लंबे समय तक नंदीग्राम में तृणमूल का प्रमुख चेहरा रहे हैं। वर्ष 2006 के विधानसभा चुनाव में वह तृणमूल प्रत्याशी भी बने थे, हालांकि उन्हें हार का सामना करना पड़ा था।