जयप्रकाश रंजन, नई दिल्ली। यूक्रेन पर रूस के हमले और ताइवान के खिलाफ चीन के रुख से दुनिया भर में फैले तनाव के बीच प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने कहा है कि यह काल युद्ध का नहीं है। शुक्रवार को उज्बेकिस्तान के शहर समरकंद में शंघाई सहयोग संगठन (एससीओ) के शिखर सम्मेलन से इतर रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के साथ द्विपक्षीय बातचीत में प्रधानमंत्री ने यह बात कही। साथ ही रूसी राष्ट्रपित से यूक्रेन के साथ गतिरोध खत्म करने की अपील की।

यह काल युद्ध का नहीं

पीएम मोदी और राष्ट्रपति पुतिन के बीच तकरीबन दस महीने बाद यह मुलाकात हुई, हालांकि इस दौरान इनके बीच कई बार टेलीफोन पर बात हो चुकी है। प्रधानमंत्री मोदी ने पुतिन से कहा, 'मुझे मालूम है कि यह काल युद्ध का नहीं है। इस बारे में आपसे मेरी कई बार बात हो चुकी है कि लोकतंत्र, कूटनीति व वार्ता से पूरी दुनिया को प्रभावित किया जा सकता है। हम रूस के साथ मित्रता को काफी महत्व देते हैं। दुनिया भी यह बात जानती है कि भारत और रूस की दोस्ती अटूट है।'

ऊर्जा सुरक्षा का मुद्दा उठाया 

पीएम मोदी ने यूक्रेन युद्ध की वजह से दुनिया खास तौर पर विकासशील देशों के समक्ष उपजे खाद्य संकट और ऊर्जा सुरक्षा का मुद्दा भी पुतिन के समक्ष उठाया। पीएम ने रूस के साथ ही यूक्रेन को भी धन्यवाद कहा, जिन्होंने युद्ध की शुरुआत में हजारों भारतीय छात्रों को वहां से निकालने में मदद की।

पुतिन ने रखे कई प्रस्ताव

मोदी के साथ मुलाकात में पुतिन ने भी भारत-रूस की मित्रता को मजबूत बनाने के लिए कई नए प्रस्ताव रखे। इसमें एक बड़ा प्रस्ताव यह है कि दोनों देश एक दूसरे के नागरिकों को बगैर वीजा आने-जाने की इजाजत दें। उन्होंने दोनों देशों के बीच कारोबारी रिश्तों में बहुत ही तेजी से वृद्धि होने पर खास तौर पर प्रसन्नता जताई। रूस से भारत को होने वाले उर्वरक निर्यात में आठ गुना वृद्धि होने की बात बताते हुए पुतिन ने उम्मीद जताई कि इससे भारतीय किसानों की दिक्कतें कम होंगी।

मोदी को रूस आने का दिया न्योता

यूक्रेन को लेकर भारत की चिंताओं पर पुतिन ने कहा, 'हमें आपकी स्थिति का पता है और आपकी चिंताओं के बारे में मालूम है। हम जल्द से जल्द इस हालात को खत्म करना चाहते हैं। लेकिन आपको मालूम है कि यूक्रेन ने कहा है कि वो युद्ध भूमि में अपना उद्देश्य हासिल करना चाहते हैं।' राष्ट्रपित पुतिन ने पीएम मोदी को रूस की यात्रा करने के लिए आमंत्रित भी किया। प्रधानमंत्री मोदी ने ईरान, उज्बेकिस्तान, तुर्किये के राष्ट्रपतियों से भी द्विपक्षीय बैठकें कीं।

पीएम मोदी ने बैठक को बताया शानदार

प्रधानमंत्री मोदी ने पुतिन के साथ हुई बैठक को बेहद शानदार बताया है। पीएम मोदी ने ट्वीट कर कहा- राष्ट्रपति पुतिन के साथ शानदार मुलाकात हुई। इस बैठक के दौरान हमें व्यापार, ऊर्जा, रक्षा और अन्य क्षेत्रों में द्विपक्षीय सहयोग को मजबूत करने के तरीकों पर चर्चा करने का अवसर मिला। वहीं पुतिन ने अगले साल शंघाई सहयोग संगठन के अध्‍यक्ष पद की जिम्‍मेदारी संभालने के लिए भारत को अग्रिम बधाई दी। चीनी राष्ट्रपति शी चिंनफिंग ने भी शिखर सम्मेलन के दौरान एससीओ की मेजबानी के लिए भारत को बधाई दी।

यह भी पढ़ें- क्‍यों की जा रही NATO से एससीओ की तुलना? क्‍या एससीओ का चार्टर- एक्‍सपर्ट व्‍यू

यह भी पढ़ें- SCO Summit: पीएम मोदी बोले- हम भारत को मैन्युफैक्चरिंग हब में बदलना चाहते हैं

Edited By: Krishna Bihari Singh

जागरण फॉलो करें और रहे हर खबर से अपडेट